सुप्रीम कोर्ट की राहत हटने के बाद अभिषेक बनर्जी के निजी सहायक सुमित रॉय को करोड़ों रुपये के जमीन घोटाले में गिरफ्तार
पश्चिम बंगाल की CID ने तृणमूल कांग्रेस के महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी के PA सुमित रॉय को सालबोनी में अनुमानित करोड़ों रुपये के भूमि घोटाले के संबंध में गिरफ्तार किया, यह कार्रवाई सुप्रीम कोर्ट की अंतरिम राहत हटते ही हुई। पुलिस ने कोलकाता में उनके आवास में प्रवेश कर रॉय को हिरासत में लेकर CID मुख्यालय ले गई, जबकि उनकी पहले खारिज की गई जमानत याचिका और जांच में सहयोग न करने की टिप्पणी भी सामने आई।

सौजन्य से:- Navbharat Times
तृणमूल कांग्रेस के महासचिव और डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी के लिए बुरी खबर है। पश्चिम बंगाल पुलिस के आपराधिक जांच विभाग (सीआईडी) ने गुरुवार को अभिषेक बनर्जी के निजी सहायक सुमित रॉय को पश्चिम मिदनापुर जिले के सालबोनी में कथित करोड़ों रुपये के भूमि घोटाले के मामले में गिरफ्तार कर लिया।
कोलकाता: पश्चिम बंगाल पुलिस के आपराधिक जांच विभाग (सीआईडी) ने गुरुवार को तृणमूल कांग्रेस के महासचिव और डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी के निजी सहायक सुमित रॉय को अरेस्ट किया है। पुलिस ने रॉ को पश्चिम मिदनापुर जिले के सालबोनी में कथित करोड़ों रुपये के भूमि घोटाले के मामले में गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी सुप्रीम कोर्ट की ओर से सुमित रॉय को गिरफ्तारी सहित किसी भी तरह की दंडात्मक कार्रवाई से मिली अंतरिम राहत वापस लेने के कुछ घंटों बाद हुई। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मौका दिए जाने के बावजूद रॉय ने जांच में पर्याप्त सहयोग नहीं किया।
अभिषेक बनर्जी के घर से गिरफ्तारी
अधिकारियों के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट के फैसले की जानकारी मिलते ही सीआईडी की एक टीम दक्षिण कोलकाता के कालीघाट स्थित अभिषेक बनर्जी के आवास पहुंची, जहां सुमित रॉय मौजूद थे। सूत्रों के मुताबिक, सीआईडी अधिकारियों के आवास में प्रवेश के दौरान निजी सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें रोकने की कोशिश की, जिससे कुछ देर के लिए हल्का विवाद हुआ। हालांकि, पुलिस बल के साथ पहुंचे सीआईडी अधिकारियों ने बाद में घर में प्रवेश कर सुमित रॉय को हिरासत में ले लिया।
पूछताछ के लिए ले गई टीम
इसके बाद उन्हें पूछताछ के लिए सीआईडी मुख्यालय भवानी भवन ले जाया गया। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि सुमित रॉय को गुरुवार देर शाम या शुक्रवार को पश्चिम मिदनापुर की अदालत में पेश किया जा सकता है, जहां सीआईडी उनकी पुलिस हिरासत की मांग करेगी। सालबोनी भूमि घोटाला मामले में सुमित रॉय को मुख्य आरोपी बताया गया है। उनकी अग्रिम जमानत याचिका पहले कलकत्ता हाई कोर्ट ने खारिज कर दी थी। इसके बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था।
कोर्ट ने क्या कहा?
इस मामले की सुनवाई सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वेंकट सुब्बा राव मोहना की बेंच ने की। अंतरिम राहत हटने के बाद जांच एजेंसी के सामने गिरफ्तारी में कोई कानूनी बाधा नहीं रही। सुप्रीम कोर्ट ने अपनी टिप्पणी में कहा कि सुमित रॉय को जांच में सहयोग का अवसर दिया गया था, लेकिन उन्होंने जांच प्रक्रिया में उचित सहयोग नहीं किया। यह गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है, जब अभिषेक बनर्जी आंखों के इलाज के लिए विदेश में हैं।
लेखक के बारे मेंसुजीत उपाध्यायसुजीत उपाध्याय, नवभारत टाइम्स (डिजिटल) में प्रिंसिपल डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर हैं। वे अप्रैल-2020 में टाइम्स ऑफ इंडिया ग्रुप के नवभारत टाइम्स, डिजिटल विंग से जुड़े। सुजीत उपाध्याय NBT डिजिटल में अन्य राज्य डेस्क (पंजाब, हरियाणा, जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और नॉर्थ ईस्ट के राज्य) में अहम सदस्य के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। इन्होंने 15 साल से अधिक के पत्रकारिता करियर में कई महत्वपूर्ण घटनाक्रम को कवर किया है। वहीं उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव-2022 में यूपी टीम के लिए अहम जिम्मेदारी संभाली थी।
सुजीत उपाध्याय करियर के दौरान प्रिंट मीडिया और डिजिटल मीडिया में ग्राउंड रिपोर्टिंग के साथ ही डेस्क पर काम करते आए हैं। अन्य राज्य डेस्क (पंजाब, हरियाणा, जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और नॉर्थ ईस्ट के राज्य) में विधानसभा चुनावों के दौरान बड़ी जिम्मेदारी के साथ काम किया है।
पत्रकारिता अनुभव:
सुजीत उपाध्याय के पत्रकारिता करियर की शुरुआत हिंदी के प्रतिष्ठित राष्ट्रीय अखबार हिन्दुस्तान, देहरादून में सिंतबर 2010 में हुई। इसके बाद उन्होंने दैनिक जागरण, देहरादून में फरवरी 2011 से मई 2012 तक काम किया। यहां उन्होंने सिटी और गढ़वाल डेस्क के साथ ही रिपोर्टिंग का महत्वपूर्ण अनुभव अर्जित किया। जून 2012 से मार्च 2013 के दौरान वह आज समाज, अंबाला से जुड़े रहे। यहां उन्होंने हरियाणा डेस्क के साथ चंडीगढ़ डेस्क पर काम किया। इसके बाद वह अप्रैल 2013 में हिन्दुस्तान, बरेली से जुड़े। यहां पर उन्होंने जनवरी 2018 तक काम किया। इतने समय तक प्रिंट मीडिया में काम करने के इन्होंने डिजिटल मीडिया का रुख किया। फरवरी 2018 में वह जी मीडिया से जुड़े। यहां उन्होंने पहले जी न्यूज फिर इंडिया डॉट कॉम के लिए काम किया। इसके बाद अप्रैल 2020 से नवभारत टाइम्स से जुड़े हैं।
विशेषज्ञता:
सुजीत उपाध्याय महाराष्ट्र, गुजरात, पश्चिम बंगाल, जम्मू-कश्मीर,पंजाब-हरियाणा, हिमाचल समेत नॉर्थ-ईस्ट और दक्षिणी राज्यों से जुड़े विषयों को कवर कर रहे हैं। इन राज्यों की राजनीति और क्राइम के अलावा करेंट अफेयर में इनकी पकड़ है।
शिक्षा:
मूल रूप से उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले के रहने वाले सुजीत उपाध्याय ने वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय (VBS Purvanchal University), जौनपुर से ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल यूनिवर्सिटी(HNB Garhwal University), श्रीनगर से एमए इन मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है।... और पढ़ें
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