कोर्ट में झगड़े के बाद पति को मिली जमानत, पत्नी ने वैवाहिक सुलह की इच्छा जताई
दिल्ली हाईकोर्ट ने जनवरी 2025 में अदालत परिसर में अपनी पत्नी पर हमला करने वाले पति को जमानत दे दी। पत्नी ने आपराधिक मामला वापस ले लिया और रिहा होने के बाद पति के साथ वैवाहिक जीवन पुनः आरंभ करने की इच्छा व्यक्त की। राज्य पक्ष ने भी जमानत के विरुद्ध कोई आपत्ति नहीं जताई।

सौजन्य से:- Amar Ujala
{"_id":"6ab53583a02b0235be0ffe13","slug":"the-high-court-granted-bail-to-a-husband-accused-of-attacking-his-wife-within-the-court-premises-delhi-ncr-news-c-340-1-del1011-156393-2026-09-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: हाईकोर्ट ने पत्नी पर अदालत परिसर में हमला करने के आरोपी पति को जमानत दी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: हाईकोर्ट ने पत्नी पर अदालत परिसर में हमला करने के आरोपी पति को जमानत दी
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में एक व्यक्ति को जमानत दी है, जिस पर आरोप था कि उसने अपनी पत्नी पर अदालत परिसर में हमला किया था। दोनों पक्ष वैवाहिक विवाद की सुनवाई के लिए अदालत गए थे। जनवरी 2025 में अदालत परिसर में दोनों के बीच झगड़े के बाद यह हमला बताया जाता है। पत्नी की शिकायत पर उसी दिन हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया था।
बाद में पत्नी ने वैवाहिक कार्यवाही वापस ले ली। आरोपी की जमानत याचिका की सुनवाई के दौरान पत्नी ने न्यायमूर्ति मिनी पुष्कर्णा को बताया कि अब वे अपने पति के खिलाफ आपराधिक मामला आगे नहीं बढ़ाना चाहतीं। उन्होंने कहा कि वे पति के परिवार से मिलने जाने लगी हैं और जेल से रिहा होने के बाद पति के साथ फिर से वैवाहिक जीवन शुरू करना चाहती है। अदालत ने नोट किया, वे इस प्रकार सौहार्दपूर्ण तरीके से अपना वैवाहिक जीवन फिर से शुरू करना चाहती हैं। इन बयानों को देखते हुए राज्य पक्ष ने भी जमानत का विरोध नहीं किया।
विज्ञापन
नई दिल्ली।
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में एक व्यक्ति को जमानत दी है, जिस पर आरोप था कि उसने अपनी पत्नी पर अदालत परिसर में हमला किया था। दोनों पक्ष वैवाहिक विवाद की सुनवाई के लिए अदालत गए थे। जनवरी 2025 में अदालत परिसर में दोनों के बीच झगड़े के बाद यह हमला बताया जाता है। पत्नी की शिकायत पर उसी दिन हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया था।
बाद में पत्नी ने वैवाहिक कार्यवाही वापस ले ली। आरोपी की जमानत याचिका की सुनवाई के दौरान पत्नी ने न्यायमूर्ति मिनी पुष्कर्णा को बताया कि अब वे अपने पति के खिलाफ आपराधिक मामला आगे नहीं बढ़ाना चाहतीं। उन्होंने कहा कि वे पति के परिवार से मिलने जाने लगी हैं और जेल से रिहा होने के बाद पति के साथ फिर से वैवाहिक जीवन शुरू करना चाहती है। अदालत ने नोट किया, वे इस प्रकार सौहार्दपूर्ण तरीके से अपना वैवाहिक जीवन फिर से शुरू करना चाहती हैं। इन बयानों को देखते हुए राज्य पक्ष ने भी जमानत का विरोध नहीं किया।
विज्ञापन
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट ने उम्रकैद को बदलने का अधिकार निचली अदालतों से रोका, दो हत्यारों को 25 साल की सजा

पूर्वी चंपारण पुलिस ने मोरल पुलिसिंग पर किया कड़ा इशारा, उल्लंघनकर्ताओं को मिलेगी कठोर सजा

सुप्रीम कोर्ट ने जालसाजी के खिलाफ PIL सुनी, झूठे बलात्कार एवं SC/ST दावों पर कड़ी कार्रवाई की माँग

सुप्रीम कोर्ट ने दानम नागेंद्र की अयोग्यता की पुष्टि, खैरताबाद सीट पर उपचुनाव की राह खुली

राहुल गांधी ने मोदी, शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त पर ‘वोट चोरी, कानून चोरी, संस्था चोरी’ का तीखा आरोप

राहुल गांधी ने मोदी‑शाह पर वोट, कानून और संस्थान चोरी का आरोप, मुख्य चुनाव आयुक्त से इस्तीफ़ा की मांग

राहुल गांधी ने कहा, वोट चोरी से बने कानून भी अवैध – ज्ञानेश को सरकारी गवाह बनना चाहिए

गरिमा के साथ जीवन समाप्ति: भारत में अंत‑जीवन देखभाल का नया परिप्रेक्ष्य
ताज़ा ख़बरें
- अदानी समूह की पाँच कंपनियों ने सेबी के मामलों को 1.5 करोड़ में निपटाया
- गोंडा में न्यायिक अधिकारियों ने शुरू किया बच्चों के लिए पैक्सो कानून जागरूकता अभियान
- राहुल गांधी ने BJP व चुनाव आयोग पर लगाई कड़ी, एंटी‑इनकंबेंसी की अनुपस्थिति पर उठाया सवाल
- SC‑ST सुरक्षा अधिनियम पर बढ़ा विवाद: दुरुपयोग के आरोप और कानूनी प्रतिबंध
- सुप्रीम कोर्ट ने साईं कृष्णा की पुलिस हिरासत में मृत्यु के FIR में देरी और मजिस्ट्रेट पेशी को लेकर आंध्र पुलिस से पूछताछ की
- सुप्रीम कोर्ट ने TMC के नाम‑सिंबल विवाद में EC को समयसीमा देने को कहा
- आसिफ, हेमंत और मुकेश को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया
- केन्द्र सरकार ने OBC क्रीमी लेयर नियम लागू करने के लिए दो साल की राहत की माँग की

