बिजली चोरी के 25 साल पुराने केसों को राष्ट्रीय लोक अदालत में निपटाया
सिविल कोर्ट में आयोजित तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत में 3214 मामलों का निपटारा हुआ, जिसमें 25 साल पुराने विद्युत चोरी के कई मुकदमे भी शामिल थे। आरोपियों ने निर्धारित कंपाउंडिंग राशि जमा कर मुकदमे से मुक्ति पाई, जिससे लगभग 11 लाख रुपये की राशि एकत्रित हुई। इस सत्र में कुल 2 करोड़ 78 लाख रुपये की समझौता राशि तय की गई।

सौजन्य से:- Hindustan
लोक अदालत : बिजली चोरी के 25 साल पुराने मुकदमों का निपटारा
-वर्ष की तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन सिविल कोर्ट में हुआ, सिविल कोर्ट परिसर में शनिवार को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में विद्युत चोरी के 25 साल पुराने मुकदमों का भी निपटारा हुआ
-वर्ष की तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन सिविल कोर्ट में हुआ - सिविल कोर्ट में मामलों के निपटारे के लिए कुल 15 बेंच गठित की गई थी आरा, संवाददाता। सिविल कोर्ट परिसर में शनिवार को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में विद्युत चोरी के 25 साल पुराने मुकदमों का भी निपटारा हुआ। लंबे समय से लंबित मामलों में आरोपितों ने कंपाउंडिंग राशि जमा कराकर मुकदमे से मुक्ति पाई। एडीजे-17 विनोद कुमार की अध्यक्षता वाली बेंच संख्या-तीन में छह लोगों ने 24 हजार रुपये और एडीजे-दो सुधाकर पाण्डेय की अध्यक्षता वाली बेंच संख्या-एक में दो लोगों ने आठ हजार रुपये कंपाउंडिंग राशि जमा की। विद्युत विभाग के अधिवक्ता विमलेश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि कंपाउंडिंग राशि जमा करने वालों में राम कृष्ण तिवारी, काशी यादव, तारकेश्वर तिवारी, सूर्यनाथ तिवारी, सुमेश्वर तिवारी, ललन मिश्रा, सुधीर बीम और सुनील कुमार शामिल हैं। इसके अलावा कई अन्य पुराने विद्युत चोरी के मामलों का भी लोक अदालत में समझौते के आधार पर निष्पादन किया गया। विद्युत चोरी के मुकदमों में करीब 11 लाख रुपये की कंपाउंडिंग राशि जमा कराई गई।
सामान्य जानकारी
3214 मामलों का हुआ निष्पादन जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव दिवाकर कुमार ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 3214 मामलों का निष्पादन किया गया। इस दौरान 2 करोड़ 78 लाख 33 हजार 204 रुपये की समझौता राशि रही। सिविल कोर्ट में मामलों के निष्पादन के लिए कुल 15 बेंच गठित की गई थीं। लोक अदालत में बैंक रिकवरी, एनआई एक्ट, आपराधिक शमनीय वाद, रेलवे, माप-तौल, वन विभाग, एमएसीटी, यातायात, बिजली समेत अन्य सुलहनीय मामलों का निपटारा किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के निर्देशन व प्रभारी प्रधान जिला जज सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार के प्रभारी अध्यक्ष के तत्वावधान में वर्ष के तीसरे राष्ट्रीय लोक अदालत का दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। मौके पर डीएम, एसपी, जिला अभियोजन पदाधिकारी मानिक कुमार सिंह, बार एसोसिएशन अध्यक्ष सुरेन्द्र सिंह, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव दिवाकर कुमार सहित न्यायिक पदाधिकारी और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट ने काले हिरण तस्कर को जमानत नहीं दी, 65 किलोग्राम मांस व हथियार बरामद

राष्ट्रीय लोक अदालत में 9,733 मामलों का त्वरित निपटारा, 9.25 करोड़ रुपये का समझौता तय

नोएडा लोटस‑300 खरीदारों को मिला पूर्ण स्वामित्व, सुप्रीम कोर्ट ने पाबंदी हटाई

सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई: आईएएस पूजा सिंघल की 18 करोड़ घोटाला याचिका पर होगा फैसला

रांची में राष्ट्रीय लोक अदालत ने 9.13 लाख प्री‑लिटिगेशन वादों का निपटारा, 367 करोड़ से अधिक का सेटलमेंट

सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षक पर लगे पॉक्सो केस को रद्द किया, शारीरिक दंड को यौन अपराध नहीं मानते हुए

रांची की राष्ट्रीय लोक अदालत में ट्रैफिक चालान का दंगों भरा माहौल, नागरिकों की बढ़ती नाराजगी

सुप्रीम कोर्ट ने 14‑साल की नाबालिग के प्रति हिंसा को गंभीर माना, आरोपियों को खुला घूमते रहने से रोकने की पुकार
ताज़ा ख़बरें
- हाईकोर्ट ने गाज़ियाबाद में एससी‑एसटी केस रद्द, जातिगत इरादा न ठहराया
- भजनपुरा दंगे में पुलिस ने दीवार तोड़ कर भागा, पांचों को दंगे और तोड़फोड़ में दोषी माना गया
- दिल्ली हाई कोर्ट ने तथ्य छिपाकर जमानत प्राप्त करने वाले आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका खारिज की
- महाराजगंज में आज आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत से मिलेगी त्वरित समाधान की नई उम्मीद
- ई‑कॉमर्स के झूठे ‘70% OFF’ पर कोर्ट की सख़्त कार्रवाई
- बॉम्बे हाई कोर्ट ने पालघर पुलिस पर फटकार: जांच 'सतही' और त्रुटिपूर्ण
- सुप्रीम कोर्ट ने बिलासपुर के SC/ST एक्ट मामले में ट्रायल पर रोक लगाई
- सुप्रीम कोर्ट ने डीपफेक‑AI कंटेंट पर गुजरात हाई कोर्ट के PIL को रोका, केंद्र की ट्रांसफर याचिका पर नोटिस जारी

