बिगड़ती कानून व्यवस्था पर बिंदल ने सरकार को घेरा, कहा: वन माफिया का अधिकारी को दौड़ा-दौड़ा कर पीटना चिंताजनक
बिगड़ती कानून व्यवस्था पर बिंदल ने सरकार को घेरा, कहा: वन माफिया का अधिकारी को दौड़ा-दौड़ा कर पीटना चिंताजनक राजीव बिंदल ने बिगड़ती कानून व्यवस्था पर सरकार को घेरा. नाहन-पांवटा में बढ़ती चोरियों, अवैध खनन, बेलगाम टिप्परो…

सौजन्य से:- ETV Bharat
बिगड़ती कानून व्यवस्था पर बिंदल ने सरकार को घेरा, कहा: वन माफिया का अधिकारी को दौड़ा-दौड़ा कर पीटना चिंताजनक
राजीव बिंदल ने बिगड़ती कानून व्यवस्था पर सरकार को घेरा. नाहन-पांवटा में बढ़ती चोरियों, अवैध खनन, बेलगाम टिप्परों और वन माफिया पर जताई चिंता.
By ETV Bharat Himachal Pradesh Team
Published : August 22, 2026 at 4:05 PM IST
नाहन: भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने सिरमौर जिला में कानून व्यवस्था पर प्रदेश सरकार और प्रशासन को घेरा. उन्होंने कहा कि नाहन और पांवटा साहिब के आसपास लगातार हो रही चोरियों ने पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है. दिनदहाड़े घरों में घुसकर नकदी और गहने चोरी किए जा रहे हैं. छोटे वाहनों को चोरी, गाड़ियों के टायर खोलकर ले जाना आम बात हो गई है. इन घटनाओं को कहीं न कहीं नशे के बढ़ते प्रचलन से जोड़कर भी देखना आवश्यक है.
डॉ. बिंदल ने कहा कि पांवटा साहिब से कालाअंब तक सड़क पर सैकड़ों टिप्पर जिस तरीके से दौड़ रहे हैं, उससे यातायात व्यवस्था और आम जनता की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. कई वाहनों के नंबर प्लेट तक स्पष्ट नहीं होते. यह भी पता नहीं चलता कि माल कहां से आ रहा है और कहां जा रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे हाईवे को आवागमन के लिए असुरक्षित बना दिया गया है और आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं. इसके बावजूद प्रशासन और प्रदेश सरकार इस गंभीर समस्या के प्रति रत्ती भर गंभीर दिखाई नहीं देती.
'पिछले दो वर्षों से उजागर हो रहा मुद्दा'
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि टिप्परों की अनियंत्रित आवाजाही और इससे पैदा हो रही समस्याओं को लेकर पिछले दो वर्षों से लगातार आवाज उठाई जाती रही है, लेकिन सरकार ने इस दिशा में प्रभावी कार्रवाई नहीं की. उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर किस नेता के संरक्षण में यह सब चल रहा है और प्रशासन इन गतिविधियों पर अंकुश लगाने में क्यों विफल है.
कानून व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल
डॉ. बिंदल ने पांवटा साहिब क्षेत्र में वन विभाग के अधिकारी के साथ कथित मारपीट की घटना पर भी गंभीर चिंता व्यक्त की. उन्होंने कहा कि जंगल काटो वन माफिया का अधिकारी को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा जाना कानून व्यवस्था की स्थिति की गंभीरता को दर्शाता है. बॉर्डर जिला में इस प्रकार की घटना होना अपने आप में चिंताजनक है.
सरकार और प्रशासन तत्काल लें गंभीर संज्ञान
डॉ. बिंदल ने प्रदेश सरकार और प्रशासन से सिरमौर में बढ़ती चोरी, नशे से जुड़े अपराध, अवैध गतिविधियों, बेलगाम टिप्परों और वन माफिया पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई करने की मांग की. उन्होंने कहा कि आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है और कानून व्यवस्था के मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती.
ये भी पढ़ें: हिमाचल में एक लाख से अधिक सरकारी पद खाली, शिक्षा और PWD में कर्मचारियों की भारी कमी
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट वीकली राउंड अप : सुप्रीम कोर्ट के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र | Supreme Court Weekly Round-Up, Supreme Court, Weekly Round-Up

आज, 23 अगस्त को, राष्ट्रीय सभा ने छह मसौदा कानूनों को मंजूरी देने के लिए मतदान किया।

राष्ट्रीय विधानसभा ने कई महत्वपूर्ण कानूनों और संहिताओं को पारित करने के लिए मतदान किया।

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: बंद कमरे में जातिसूचक गाली देने पर SC/ST कानून लागू नहीं, जानिए ‘Public View’ की कानूनी शर्त

राष्ट्रीय विधानसभा ने छह कानूनों को पारित करने के लिए मतदान किया और दंड संहिता में संशोधनों पर चर्चा की।

"गांवों को कानून की समझ" मॉडल का शुभारंभ समारोह: डिजिटल प्लेटफॉर्म पर गांवों तक कानून को पहुंचाना।

झारखंड हाईकोर्ट में आपराधिक अपीलों का 'चौंकाने वाला पेंडिंग मामला': सुप्रीम कोर्ट ने हत्या के मामले में 44 साल की देरी पर चिंता जताई

वकील मुवक्किल के खिलाफ गोपनीय जानकारी का इस्तेमाल सिर्फ इसलिए नहीं कर सकता क्योंकि वह विरोधी बन गई है: सुप्रीम कोर्ट
ताज़ा ख़बरें
- यमुना पर्यावरणः आर्ट ऑफ लिविंग पर लगा था 5 करोड़ जुर्माना, लौटाने का सुप्रीम आदेश - Supreme court orders refund rs 5 crore fine sri sri ravishankars art of living yamuna environment - Satya Hindi
- ‘जब तक वकील चाहेंगे, मैं BCI चेयरमैन रहूंगा’, सुप्रीम कोर्ट में याचिका के बीच मनन मिश्रा का करारा पलटवार
- मां की गवाही से दोषी ठहरा बेटा, धनबाद की अदालत ने भाई की पत्नी पर कुल्हाड़ी से हमले के आरोपी को दी 7 साल की सजा - dhanbad court benu gorai gets 7 years for axe attack on sister in law
- रियल एस्टेट व्यापार कानून: रियल एस्टेट बाजार में हेरफेर करने के सख्त निषिद्ध कृत्य
- सऊदी नहीं इन देशों का कानून है सबसे सख्त, छोटी सी गलती पर मिलती है मौत!
- सुप्रीम कोर्ट ने रजिस्ट्रार के खिलाफ मामला रद्द किया, कहा- एफआईआर के पीछे गुटीय विवाद आपराधिक दोषी नहीं | आपराधिक कानून का इस्तेमाल गुटीय झगड़ों को निपटाने के लिए नहीं किया जा सकता: सुप्रीम कोर्ट ने आपराधिक मामला रद्द किया
- कांग्रेस देश के कानून और संविधान से ऊपर नहीं : नितिन नवीन
- 2008 के रंगदारी मामले में दिल्ली पुलिस को बड़ी सफलता, 15 साल बाद कानून के शिकंजे में आया 72 साल का भगोड़ा

