एटा में मध्यस्थता अभियान: लंबित विवादों का निस्तारण होगा आपसी सुलह से
एटा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने मध्यस्थों की एक बैठक आयोजित की, जिसमें अधिक से अधिक लंबित मामलों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण करने पर जोर दिया गया।

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
- Hindi News
- Local
- Uttar pradesh
- Etah
- Eta Mediation Campaign | Lok Adalat Dispute Resolution
एटा में मध्यस्थता अभियान, विशेष लोक अदालत की तैयारी:अधिक लंबित विवादों का आपसी सुलह से होगा निस्तारण
- कॉपी लिंक
एटा न्यायालय में शुक्रवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने मध्यस्थों की एक बैठक आयोजित की। यह बैठक 'राष्ट्र के लिए मध्यस्थता अभियान-2.0' और 'समाधान समारोह-2026' को सफल बनाने के उद्देश्य से बुलाई गई थी। इसमें अधिक से अधिक लंबित मामलों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण करने पर जोर दिया गया।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं जनपद न्यायाधीश राकेश धर दुबे के निर्देश पर, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट और प्राधिकरण की सचिव तुषारिका सिंह ने मध्यस्थों को अभियान के सफल संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि न्यायालयों से मध्यस्थता के लिए भेजे गए वादों में पक्षकारों के बीच सहमति बनाकर अधिक से अधिक मामलों का निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि लोगों को शीघ्र और सरल न्याय मिल सके।
बैठक में जानकारी दी गई कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशानुसार 'समाधान समारोह-2026' के तहत 21, 22 और 23 अगस्त को एक विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। 'राष्ट्र के लिए मध्यस्थता अभियान-2.0' जनवरी 2026 से लगातार संचालित हो रहा है। इन अभियानों का मुख्य उद्देश्य न्यायालयों में लंबित मामलों का आपसी समझौते के माध्यम से त्वरित निस्तारण कर न्याय व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है।
बैठक में सभी मध्यस्थों और अधिवक्ताओं से सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की गई, ताकि अधिक से अधिक मामलों का सौहार्दपूर्ण समाधान सुनिश्चित हो सके। इस अवसर पर एडीआर भवन, जनपद न्यायालय एटा के मध्यस्थ, अधिवक्ता और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
अभिषेक बनर्जी को पश्चिम बंगाल चुनाव प्रचार मामले में आवाज का नमूना देने का निर्देश दिया

तमिलनाडु की पांच विधानसभा सीटों पर उपचुनावों को अधिसूचित करने से रोक: मद्रास HC ने की जोरदार मंजूरी

तमिलनाडु की पांच विधानसभा सीटों पर उपचुनाव पर रोक

राजपाल यादव को 3 महीने की जेल में भेजा, अदालत ने विवाद को निपटाने में असफलता को 'संदिग्ध आचरण' बताया

मद्रास उच्च न्यायालय का बड़ा फैसला, चुनाव आयोग को उपचुनाव अधिसूचित करने से रोका

सुप्रीम कोर्ट में भयंकर उत्तेजना: याचिकाकर्ता ने मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत को बुरी भाषा का इस्तेमाल किया और कागज़ फेंके

गोपनीय मध्यस्थता दस्तावेजों की व्यवहारिक सीमाएँ: दिल्ली उच्च न्यायालय का निर्णय

दिल्ली हाई कोर्ट का डीयू को नोटिस, शरणार्थी छात्र के पासपोर्ट मामले में पूछताछ
ताज़ा ख़बरें
- तमिलनाडु में उपचुनाव पर रोक, मद्रास उच्च न्यायालय ने चुनाव आयोग को दिया निर्देश
- बांग्लादेश से भारत लौटे 4 बंगाली भाषी मुसलमानों की कहानी
- 3 महीने की जेल की सजा: दिल्ली हाई कोर्ट ने राजपाल यादव की दोषसिद्धि को बरकरार रखा
- न्यायमूर्ति सुधीर सिंह को कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया
- राजपाल यादव की सजा बरकरार, उच्च न्यायालय ने चेक बाउंस मामले में दोषसिद्धि को स्थायी किया
- व्यावसायिक मुकदमे की धीमी गति पर सवाल: सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाई कोर्ट के खिलाफ टिप्पणी की
- सुप्रीम कोर्ट ने नई आईपीएस महिला की अपील पर सुनवाई का फैसला किया
- राम मंदिर चंदा चोरी मामला: 13 जुलाई को होगी सुनवाई

