सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के हॉस्टल हादसे को राष्ट्रीय मुद्दा बना कर सुनवाई शुरू की
सुप्रीम कोर्ट ने 8 सितंबर को कहा कि इस त्रासदी को सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि देश भर में जर्जर‑अवैध इमारतों की स्थिति की जांच की जाएगी। पहले दिल्ली हाईकोर्ट ने नगर निगम और दिल्ली विश्वविद्यालय को जिम्मेदार ठहराया था और संबंधित एजेंसियों को दस दिनों में जवाब देने का निर्देश दिया। अब MCD ने प्रभावित क्षेत्रों को ध्वस्त करना शुरू कर दिया है और कई आरोपी, जिनमें PG मालिक और निर्माण ठेकेदार शामिल हैं, को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में रखा गया है।

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
- Hindi News
- National
- Delhi Hostel Accident Case | Supreme Court Hearing On Illegal Buildings
दिल्ली हॉस्टल हादसा- आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई:कोर्ट ने कहा था- मुद्दे को दिल्ली तक सीमित नहीं रखेंगे; बिल्डिंग गिरने से 7 की मौत हुई थी
- कॉपी लिंक
सुप्रीम कोर्ट दिल्ली के सत्य निकेतन में PG हादसे में आज सुनवाई करेगा। कोर्ट ने 8 सितंबर को सुनवाई के दौरान कहा था कि मामला केवल दिल्ली तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि देशभर में जर्जर-अवैध इमारतों की स्थिति की समीक्षा की जाएगी।
इससे पहले इस मामले पर 7 सितंबर को दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई की थी। हाईकोर्ट ने कहा था- हादसे के लिए दिल्ली नगर निगम और दिल्ली यूनिवर्सिटी दोनों जिम्मेदार हैं।
अदालत ने एमसीडी (MCD), दिल्ली सरकार, केंद्र सरकार, एनएचआरसी (NHRC) और दिल्ली यूनिवर्सिटी से 10 दिन में जवाब मांगा है।
इसके बाद बुधवार को सीएम ने MCD को अवैध PG हॉस्टलों की जांच के निर्देश भी दिए हैं। MCD ने PG बिल्डिंग के पास की इमारतों को गिराना शुरू कर दिया है। इन इमारतों में गर्ल्स PG था। लड़कियां PG खाली कर दूसरी जगह शिफ्ट हो रही हैं।
सत्य निकेतन में 6 सितंबर को पांच मंजिला PG बिल्डिंग गिरने से 7 लोगों की मौत हुई थी। मामले में बुधवार तक 5 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
PG मालिक, संचालक और लेबर कॉन्ट्रैक्टर गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस ने PG हादसे में बुधवार को सुधांशु नाम के युवक को गिरफ्तार किया है। वह बिल्डिंग में हॉस्टल डेज नाम से PG चला रहा था। उसका पार्टनर शुभम त्यागी फरार है। दोनों ने अगस्त 2025 में बिल्डिंग लीज पर ली थी।
इससे पहले बिल्डिंग मालिक हरिराम बंसल, उनकी पत्नी उर्मिला, बेटे महेश और लेबर कॉन्ट्रैक्टर सनोज को गिरफ्तार किया जा चुका है। सोमवार रात हरिराम बंसल, उनकी पत्नी उर्मिला और बेटे महेश को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया।
जस्टिस भव्य खराल ने हरिराम और उर्मिला को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया, जबकि महेश को 2 दिन की पुलिस हिरासत मिली। पुलिस रिमांड के दौरान महेश ने बताया कि PG चलाने वाली कंपनी की शिकायत पर बेसमेंट में जमा पानी और सीलन की दिक्कत दूर करने के लिए मरम्मत कराई जा रही थी।
बेसमेंट से पानी निकालने के बाद निर्माण कार्य के दौरान पावर ट्रोवेल मशीन भी चलाई जा रही थी। पुलिस को आशंका है कि मशीन से पैदा हुई कंपन और पहले से कमजोर संरचना के कारण बिल्डिंग भरभराकर गिर गई।
ठेकेदार बोला- 10 दिन पहले रेनोवेशन के लिए लगाया था
पूछताछ में ठेकेदार सनोज ने बताया कि महेश गुप्ता ने उसे 10 दिन पहले रेनोवेशन के लिए लगाया था। उसे 2800 रुपये रोज मिलते थे। काम बेसमेंट को ग्राउंड फ्लोर के बराबर लेवल करने का था, जिसके लिए बेसमेंट में करीब 3 ट्रक मलबा भरा गया था।
ग्राउंड फ्लोर पर दुकान की जगह में एक दीवार रुकावट बन रही थी। हादसे वाले दिन जगह बनाने के लिए उस दीवार को हटा दिया गया। दीवार हटते ही कमजोर इमारत लोड नहीं झेल पाई और ढह गई।
सत्य निकेतन से PG खाली कर रहे स्टूडेंट्स
MCD के साउथ जोन के 5 अधिकारी सस्पेंड
सत्य निकेतन हादसे के बाद MCD ने साउथ जोन के डिप्टी कमिश्नर राकेश कुमार को सोमवार को सस्पेंड कर दिया। उनके साथ चार इंजीनियरिंग अधिकारियों को भी विभागीय कार्रवाई पूरी होने तक सस्पेंड किया गया है।
इसके बाद IAS अधिकारी शाश्वत सौरभ को MCD के साउथ जोन का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। 2016 बैच के AGMUT कैडर के IAS अधिकारी सौरभ अभी साउथ वेस्ट जोन के डिप्टी कमिश्नर हैं।
--------------------
दिल्ली PG हादसे से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें…
दिल्ली में अवैध निर्माण वाली इमारतों पर बुलडोजर चलेगा:CM का निर्देश- सभी हॉस्टलों की जांच करें
परिवार ने बेटे की आंखें दान कीं: पिता बोले- काश बेटे को हॉस्टल से निकाल पाता
दिल्ली हाईकोर्ट बोला- हादसे के लिए नगर निगम जिम्मेदार: सरकार भी जवाबदेही से नहीं बच सकती
छात्र बोले- 10 मिनट पहले निकले, नहीं तो दबे होते: बिल्डिंग की दीवारों से दरकने की आवाजें आ रही थीं
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट ने वैवाहिक बलात्कार के अपवाद पर फैसला सुनने की दिशा में कदम बढ़ाया, पति के खिलाफ अभियोजन की कानूनी जाँच

हाई कोर्ट ने 'यारियां-2' के निर्माताओं को मिली बड़ी राहत, कृपाण दिखाने वाले FIR को रद्द किया

सुप्रीम कोर्ट ने महावीर जी मंदिर प्रबंधन विवाद पर फैसला सुरक्षित रखा, दोनों संप्रदायों को लिखित दलीलें देने का आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने हिमाचल सरकार को विधायकों के विरुद्ध दर्ज मामलों को वापस लेने की स्वीकृति दी

सुप्रीम कोर्ट ने उठाया सवाल‑ क्या मौजूदा क़ानून से पति‑पत्नी के यौन दुरुपयोग पर केस चल सकता है?

सुप्रीम कोर्ट ने कहा: राहुल गांधी VVIP नहीं, सभी मामले समान—जल्द सुनवाई के लिए अर्जी दायर करें

सुप्रीम कोर्ट का निर्णय: मैरिटल रेप अपवाद के बावजूद पति पर रेप का मुकदमा चलाना संभव?

सुप्रीम कोर्ट ने वैवाहिक दुष्कर्म के अपवाद पर सवाल उठाया, पति पर रेप केस चलाने की संभावना पर विचार किया
ताज़ा ख़बरें
- संसद का अधिकार, सुप्रीम कोर्ट नहीं: वैवाहिक बलात्कार को अपराध मानने का फैसला संसद पर
- सुप्रीम कोर्ट नहीं तय कर सकता मैरिटल रेप का अपराधीकरण, यह संसद का अधिकार है
- सुप्रीम कोर्ट ने बेटे को मां के पैर छूकर क्षमा माँगने की सलाह दी
- सुप्रीम कोर्ट ने नोएडा मजिस्ट्रेट को नोटिस जारी करने पर फटकार लगाई
- सुप्रीम कोर्ट ने उठाया सवाल: वैवाहिक दुष्कर्म को अपराध न मानने वाले प्रावधान में पति पर रैप का मुकदमा कैसे चलाया जा सकता है?
- सुप्रीम कोर्ट ने हिमाचल के सभी 65 धरना‑प्रदर्शन मामलों में अभियोजन वापस करने की मंजूरी दी
- उत्तरी प्रदेश सरकार, आकृति चौधरी के NSA रद्दीकरण को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी
- सैन्य सेवा बचाव और स्वास्थ्य परीक्षा धोखाधड़ी पर कड़े कदम: नई रक्षा विधियों का परिचय

