राज्यपाल ने शपथ दी, वी. कामेश्वर राव ने संभाली पटना हाईकोर्ट की कमान
राज्यपाल ने बिहार के लोक भवन में वी. कामेश्वर राव को शपथ दिलाई, जिससे वे पटना हाईकोर्ट के 49वें मुख्य न्यायाधीश बनें। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश और केंद्र सरकार की अधिसूचना के बाद यह नियुक्ति हुई, जो मीनाक्षी मदन राय के पदत्याग के बाद आई। राव, जिन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट और कर्नाटक हाईकोर्ट सहित विभिन्न न्यायालयों में सेवा की है, अब इस नई जिम्मेदारी को संभालेंगे।

सौजन्य से:- Jagran
जस्टिस वी. कामेश्वर राव बने पटना हाईकोर्ट के 49वें चीफ जस्टिस, राज्यपाल ने दिलाई शपथ
न्यायमूर्ति वी. कामेश्वर राव ने पटना हाईकोर्ट के 49वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ ली।
HighLights
- न्यायमूर्ति वी. कामेश्वर राव ने मुख्य न्यायाधीश पद की शपथ ली।
- राज्यपाल ने पटना के लोक भवन में शपथ दिलाई।
- वे पटना हाईकोर्ट के 49वें मुख्य न्यायाधीश बने।
जागरण संवाददाता, पटना। पटना हाईकोर्ट के नवनियुक्त मुख्य न्यायाधीश वी. कामेश्वर राव ने रविवार को पद एवं गोपनीयता की शपथ ली।
बिहार के लोक भवन में आयोजित समारोह में राज्यपाल ने उन्हें शपथ दिलाई। इस मौके पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी समेत राज्य सरकार के कई वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य लोग मौजूद रहे।
शपथ ग्रहण के साथ ही न्यायाधीश वी. कामेश्वर राव ने पटना हाईकोर्ट के 49वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में जिम्मेदारी संभाल ली।
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने छह अगस्त 2026 को हुई बैठक में न्यायमूर्ति वी. कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करने की सिफारिश की थी। इसके बाद केंद्र सरकार की ओर से उनकी नियुक्ति की अधिसूचना जारी की गई।
इससे पहले पटना हाईकोर्ट की मुख्य न्यायाधीश मीनाक्षी मदन राय के 11 जुलाई 2026 को सेवानिवृत्त होने के बाद वरिष्ठ न्यायाधीश सुधीर सिंह कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे थे।न्यायाधीश वी. कामेश्वर राव का जन्म 7 अगस्त 1965 को हुआ था।
उन्होंने 1987 में दिल्ली विश्वविद्यालय से भूगोल में स्नातक और 1990 में विधि की पढ़ाई पूरी की। मार्च 1991 में दिल्ली बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में पंजीकरण कराया।
दो दशक वकालत
उन्होंने सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली हाईकोर्ट और केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण समेत विभिन्न न्यायिक मंचों पर करीब दो दशक तक वकालत की।
सेवा, श्रम, संवैधानिक, प्रशासनिक और मध्यस्थता से जुड़े मामलों में उन्हें विशेष अनुभव रहा। वर्ष 2010 में उन्हें वरिष्ठ अधिवक्ता बनाया गया। 17 अप्रैल 2013 को उन्हें दिल्ली हाईकोर्ट का अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया।
18 मार्च 2015 को वे स्थायी न्यायाधीश बने। जून 2024 में उनका तबादला कर्नाटक हाईकोर्ट हुआ, जहां मई 2025 में उन्होंने कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश के रूप में भी काम किया।
जुलाई 2025 में वे फिर दिल्ली हाईकोर्ट लौटे। अब उन्हें पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
यह भी पढ़ें- सारण के छोटे से गांव से पटना हाई कोर्ट तक का सफर, कौन हैं नए अपर महाधिवक्ता अवधेश कुमार सिंह?
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने बिना नोटिस के राजस्व अभिलेखों के आदेश पर रोक लगाई

हापुड़ में राष्ट्रीय लोक अदालत ने 2.9 लाख से अधिक मामलों का निस्तारण, 5.1 करोड़ का सेटलमेंट

चंडीगढ़ की वकील की जीत: हाई कोर्ट ने टैक्स धारा 147A रद्द कर 700 नोटिस बंद किए

मुंगेर में 26 साल के विवाद का मिनटों में निपटान, 1829 केसों की सुलह, 8.47 करोड़ का समझौता

लोक अदालत में 1976 विवादों का आपसी समाधान, 647 कर्जदारों का 1.78 करोड़ ऋण निपटाया

झारखंड हाई कोर्ट ने JSSC को संशोधित राज्य मेधा सूची पेश करने व सामुदायिक स्वास्थ्य स्नातकों को 4200 ग्रेड पे के साथ नियुक्त करने का निर्देश दिया

बुलंदशहर बार में महिला वकीलों को 30% आरक्षण, हाईकोर्ट ने बायलॉज संशोधन का निर्देश

दिल्ली हाई कोर्ट ने ग्रुप‑डी कर्मचारियों के नियमितीकरण में रेलवे की चूक पर गहरा खेद जताया
ताज़ा ख़बरें
- मथुरा लोक अदालत ने 2.87 लाख वादों का समाधान किया, 20.55 करोड़ रुपये मुआवजे के आदेश भी
- आरा में राष्ट्रीय लोक अदालत ने 3214 मामलों का निपटारा, 2.78 करोड़ रुपये का समझौता
- 9 साल बाद 1.30 करोड़: पटना हाईकोर्ट ने लोक अदालत में ऐतिहासिक फैसला
- सुप्रीम कोर्ट ने महावीर मंदिर विवाद पर फैसला सुनाया: पक्षों को 8 दिन में लिखित दलीलें जमा करने के निर्देश
- राष्ट्रीय लोक अदालत ने 2.10 करोड़ से अधिक विवाद सुलझाए, चेक बाउंस से वैवाहिक मुद्दों तक
- दरभंगा में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत ने निपटाए 4,360 विवाद, 10 करोड़ रुपये का समाधान
- हाईकोर्ट ने बुलंदशहर बार एसोसिएशन के चुनाव में 30% महिला आरक्षण का आदेश, बायलॉज में संशोधन अनिवार्य
- भाकियू महाशक्ति ने यूजीसी कानून के खिलाफ मालागढ़ में जनसम्पर्क सभा आयोजित की

