सुप्रीम कोर्ट में मेरठ सेंट्रल मार्केट मामले की सुनवाई, व्यापारियों को राहत की उम्मीद, महिलाओं ने 171वें दिन धरना जारी रखा
आज मेरठ में सेंट्रल मार्केट केस की सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी, जिससे व्यापारियों में बेचैनी और राहत की आशा बनी हुई है। सेक्टर‑2 में महिलाएँ 171वें दिन धरना बनाए हुए हैं और मुख्यमंत्री व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के आने से उन्हें मिलन की उम्मीद है। यदि अदालत के फैसले से राहत नहीं मिली तो व्यापारी संभावित प्रदर्शन की चेतावनी दे रहे हैं।

सौजन्य से:- Amar Ujala
सेंट्रल मार्केट प्रकरण पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, व्यापारियों में बेचैनी; राहत की उम्मीद
मेरठ के सेंट्रल मार्केट प्रकरण पर सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को सुनवाई होगी। सेक्टर-2 में महिलाओं का धरना 171वें दिन भी जारी रहा। व्यापारियों को राहत की उम्मीद है।
विस्तार
मेरठ सेंट्रल मार्केट प्रकरण पर सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को होने वाली सुनवाई को लेकर व्यापारियों में बेचैनी का माहौल है। सेक्टर-2 में रविवार को महिलाओं ने 171वें दिन भी धरना जारी रखा। महिलाओं और व्यापारियों का कहना है कि उन्हें सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने की उम्मीद है।
सोमवार को मुख्यमंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी मेरठ आ रहे हैं। ऐसे में कुछ व्यापारियों ने उनसे मुलाकात के लिए समय मांगा है। दूसरी ओर सोशल मीडिया पर भी व्यापारी सक्रिय हो गए हैं। कई व्यापारियों ने कहा है कि यदि निर्णय से राहत नहीं मिली तो वे आंदोलन करेंगे।
यह भी पढ़ें: सियासत: मेरठ में नितिन नवीन और योगी आदित्यनाथ; संगठन की जमीनी तैयारियों की करेंगे समीक्षा
44 संपत्तियों पर कार्रवाई का मामला
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर आवास एवं विकास परिषद ने आठ अप्रैल को 44 संपत्तियां सील की थीं। परिषद की ओर से कोर्ट को बताया गया था कि ये संपत्तियां आवासीय हैं और इनमें पूरी तरह व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं।
इसके बाद 14 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश जेबी पारदीवाला और केवी विश्वनाथन की खंडपीठ ने सभी 44 संपत्तियों को ध्वस्त करने के आदेश दिए। इसके बाद परिषद ने संपत्तियों की सील खोलकर सर्वे किया और संपत्ति स्वामियों को 15 दिन में इन्हें ध्वस्त करने के नोटिस जारी किए।
16 सितंबर को छह निर्माणों पर हुई कार्रवाई
परिषद ने 16 सितंबर को भारी पुलिस फोर्स के साथ छह निर्माणों पर कार्रवाई की। बताया गया कि इन छह निर्माणों के आवासीय मानचित्र भी नहीं थे। आवंटियों ने इन निर्माणों में किए गए अनधिकृत निर्माण को भी नहीं हटाया था।
सोमवार को दाखिल होगी अनुपालन रिपोर्ट
सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को होने वाली सुनवाई में आवास एवं विकास परिषद को अनुपालन रिपोर्ट दाखिल करनी है। इसके लिए परिषद के अधिकारी और अभियंता दिल्ली में डेरा जमाए हुए हैं। रविवार को अवकाश के बावजूद परिषद का कार्यालय खुला रहा। मेरठ कार्यालय से अधिकारियों ने तमाम कागजात भी मंगाए।
171वें दिन भी जारी रहा महिलाओं का धरना
सेंट्रल मार्केट प्रकरण को लेकर सेक्टर-2 में महिलाओं का धरना रविवार को 171वें दिन भी जारी रहा। धरना दे रहीं शीतल पुजानी, राधा गुप्ता, जगरोशनी, रजनी, ऊषा आदि का कहना है कि उन्हें सुप्रीम कोर्ट से राहत की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि किसी भी कीमत पर घरों को तोड़ने के लिए बुलडोजर नहीं आने देंगे।
मुख्यमंत्री से मिलने को लेकर भी अलग-अलग राय
मेरठ बचाओ संयुक्त संघर्ष समिति के अध्यक्ष और जगदम्बा अस्पताल के मालिक रविंद्र गुर्जर ने कहा कि जो व्यापारी मुख्यमंत्री से मिलने का समय मांग रहे हैं, वह सही नहीं है। वहीं कुछ व्यापारियों ने सोमवार को मुख्यमंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष से मुलाकात के लिए समय मांगा है।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
व्यवहारिक कार्यान्वयन से ही तय होती है कानून की असली गुणवत्ता

कानून के प्रभावी कार्यान्वयन की दिशा में कदम और उपलब्धियां

फ़िज़िक्स वॉलह: किफ़ायती ई‑ड्यूक्शन से लाखों छात्रों को सशक्त बनाने वाला मंच

भूमि सुधार अधिनियम के मसौदे को शीघ्र अंतिम रूप देने की मांग

सुप्रीम कोर्ट का इकोसेंट्रिक मोड़: जस्टिस बी.वी. नागरत्ना ने प्रकृति‑केंद्रित न्याय की दिशा में कदम बढ़ाए

सुप्रीम कोर्ट में मेरठ सेंट्रल मार्केट केस की सुनवाई: 44 संपत्तियों पर कार्रवाई की रिपोर्ट पेश, व्यापारियों की चिंता बढ़ी

पश्चिम बंगाल में दल‑बदल विवाद के बीच दलबदल कानून को कड़ा करने की पुकार

राष्ट्रपति के आदेश से दिल्ली हाईकोर्ट में सात नए जज, कुल संख्या 51 तक पहुँची
ताज़ा ख़बरें
- अमेरिकी टैरिफ नियमों से भारतीय निर्यात में बढ़ी अनिश्चितता
- अमेरिका के 100% टैरिफ कानून से भारत के $140 अरब व्यापार को हो सकता है बड़ा झटका
- चुनाव आयोग ने अरविंद केजरीवाल और परिवार पर SIR नोटिस भेजे, 110 में से पाँच नाम शामिल
- ट्रंप के नए कानून से भारत के निर्यात पर 100% टैरिफ का खतरा, व्यापार जगत में घबराहट
- शहरी विकास कानून के कार्यान्वयन हेतु योजना: छह प्रमुख कदम
- ट्रंप ने रूसी‑ईरानी प्रतिबंध अधिनियम पर हस्ताक्षर, भारत‑चीन पर 100% टैरिफ की संभावना
- ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के 'फुटबॉल खिलाड़ी' प्रतीक को असंवैधानिक कहा, सुप्रीम कोर्ट में अपनी मूल पहचान की वकालत
- CAPF में IPS डेपुटेशन को धीरे‑धीरे घटाने का आदेश, रोक नहीं – गृह सचिव का कोर्ट में बचाव

