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सुप्रीम कोर्ट में सोनम रघुवंशी ने खुद को बताया बेकसूर

सोनम रघुवंशी ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दायर करते हुए खुद को बेकसूर बताया है और कहा है कि उन पर झूठे आरोप लगाकर फंसाया गया है।

9 जुलाई 2026 को 03:56 am बजे
सुप्रीम कोर्ट में सोनम रघुवंशी ने खुद को बताया बेकसूर

सौजन्य से:- Hindustan

‘मुझे फंसाया गया है’, सोनम रघुवंशी ने सुप्रीम कोर्ट में खुद को बताया बेकसूर

सोनम रघुवंशी ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दायर करते हुए खुद को बेकसूर बताया है। सोनम ने कहा है कि उसे झूठे आरोप में फंसाया गया है। मेघालय सरकार ने जमानत खारिज करने की दी है याचिका।

राजा रघुवंशी की हत्या की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी ने खुद को बेकसूर बताते हुए देश की सबसे बड़ी अदालत में अपना पक्ष रखा है। सोनम ने सुप्रीम कोर्ट में जवाबी हलफनामा दायर करते हुए दावा किया है कि उस पर झूठे आरोप लगाकर फंसाया गया है। सुप्रीम कोर्ट में गुरुवार को इस मामले की सुनवाई होने जा रही है।

सोनम रघुवंशी पर आरोप है कि वह अपने पति राजा रघवुंशी को हनीमून के बहाने मेघायल के शिलॉन्ग में ले गई और वहां प्रेमी के दोस्तों के साथ मिलकर मौत के घाट उतार दिया था। करीब एक साल तक जेल में रहने के बाद सोनम को निचली अदालत ने जमानत दी थी और मेघायल हाई कोर्ट ने राहत को बरकरार रखा। इसके बाद मेघायल सरकार ने जमानत को रद्द करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

क्या बो

पिछली सुनवाई पर सर्वोच्च अदालत ने हाई कोर्ट के फैसले पर कुछ सवाल खड़े किए लेकिन सोनम की जमानत को रद्द नहीं किया। अदालत ने कहा कि वह पहले ही बाहर आ चुकी है और इसलिए स्टे लगाने का मतलब जमानत को रद्द करना होगा। अब सोनम रघुवंशी ने जवाबी हलफनामा दायर करते हुए खुद को बेकसूर बताया है। उसने कहा, ‘मैं निर्दोष हूं, मुझे झूठे आरोप लगाकर फंसाया गया है। अभियोजन पक्ष का पूरा केस परिस्थितिजन्य साक्ष्यों और आरोपों पर आधारित है।’

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Sudhir Jhaसुधीर झा | वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम लीड

(दिल्ली-एनसीआर, झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, गुजरात, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश)

सुधीर झा एक वरिष्ठ डिजिटल पत्रकार और संपादकीय नेतृत्वकर्ता हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 15 से अधिक वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में LiveHindustan.com में असिस्टेंट एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और दिल्ली-एनसीआर, झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, गुजरात, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश सहित 8 राज्यों की कवरेज संभालने वाली स्टेट टीम का नेतृत्व कर रहे हैं। वे राजनीति, अपराध और प्रशासन से जुड़े विषयों पर खबर लेखन और विश्लेषण में विशेषज्ञता रखते हैं। ब्रेकिंग न्यूज से लेकर विश्लेषणात्मक रिपोर्ट तक, तथ्य-आधारित और संतुलित पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं।

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