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पेपर लीक पर नकेल कसने के लिए युवाओं ने राष्ट्रपति से कठोर कानून बनाने की मांग की

बागेश्वर के युवा संगठनों ने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर पेपर लीक के मामलों को रोकने के लिए सख्त कानून बनाने की मांग की, साथ ही परीक्षा प्रणाली में सुधार और प्रभावित छात्रों को सहायता देने की मांग की।

21 जुलाई 2026 को 11:13 am बजे
पेपर लीक पर नकेल कसने के लिए युवाओं ने राष्ट्रपति से कठोर कानून बनाने की मांग की

सौजन्य से:- हिंदुस्तान

पेपर लीक रोकने को सख्त कानून बनाने की मांग

बागेश्वर के युवा संगठनों ने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर पेपर लीक के मामलों को रोकने के लिए सख्त कानून बनाने की मांग की। ज्ञापन में परीक्षा प्रणाली में सुधार, प्रभावित छात्रों को सहायता, और शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग की गई। युवाओं ने संविधान की गरिमा बनाए रखने के लिए कठोर कदम उठाने की अपील की।

देवेंद्र पांडे, बागेश्वर। देश में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों और परीक्षा प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर बागेश्वर के युवा संगठनों ने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। जिलाधिकारी के माध्यम से भेजे ज्ञापन में युवाओं ने पेपर लीक रोकने के लिए सख्त कानून बनाने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि जंतर-मंतर पर आंदोलन कर रहे युवाओं की मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाए। राष्ट्रीय स्तर पर परीक्षा प्रणाली में सुधार, प्रभावित छात्रों और उनके परिवारों को सहायता व मुआवजा देने, परीक्षा एजेंसियों की जवाबदेही तय करने और पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की गई।

युवाओं ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की भी मांग की। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि बीते दिनों दिल्ली की सड़कों पर भारत सरकार और दिल्ली पुलिस ने संवैधानिक मर्यादाओं की सभी सीमाएं पार कर दीं। इससे देश और दुनिया में भारतीय संविधान की साख प्रभावित हो रही है। युवाओं ने राष्ट्रपति से संविधान की गरिमा और साख बनाए रखने के लिए कठोर कदम उठाने की मांग की। इस मौके पर सवाल संगठन के अध्यक्ष रमेश पांडे कृषक, जिला बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष गोविंद भंडारी, भुवन कांडपाल, मनोज चौहान, विनोद जोशी आदि मौजूद रहे।

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न्याय 247 न्यूज़ द्वारा प्रस्तुत

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