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दिल्ली सरकार का नई व्यवस्था, समय पर नहीं मिला बर्थ सर्टिफिकेट या बिजली कनेक्शन तो मिलेगा 5000 रुपए मुआवजा

दिल्ली सरकार ने सरकारी सेवाओं में देरी पर सख्ती करने की तैयारी की है. नए प्रस्तावित कानून के तहत अगर तय समय सीमा के अंदर लोगों को सरकारी सेवा नहीं मिलती है तो उन्हें 5 हजार रुपये तक का मुआवजा मिल सकता है.

16 जुलाई 2026 को 09:15 am बजे
दिल्ली सरकार का नई व्यवस्था, समय पर नहीं मिला बर्थ सर्टिफिकेट या बिजली कनेक्शन तो मिलेगा 5000 रुपए मुआवजा

सौजन्य से:- ABP News

दिल्ली में बना नया कानून, वक्त पर नहीं मिला बर्थ सर्टिफिकेट या बिजली कनेक्शन तो मिलेगा 5000 रुपए मुआवजा

Delhi News: सरकारी काम के लिए दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ते हैं तो जान लें, दिल्ली सरकार नया कानून लाने की तैयारी में है, जिसके तहत तय समस सीमा के अंदर सरकारी सेवा नहीं मिलने पर मुआवजा मिल सकता है.

- अधिकारी पर जुर्माना, आवेदन स्थिति ऑनलाइन ट्रैक होगी।

Government Service: सरकारी कामों का नाम सुनते ही लोग डर जाते हैं, क्योंकि कोई छोटा सा काम कराने के लिए भी सरकारी दफ्तरों के कई चक्कर लगाने पड़ते हैं. इससे लोगों को परेशानी तो होती ही है, साथ ही उनका समय भी बर्बाद हो जाता है. इसके बावजूद कई बार उनका काम समय पर नहीं हो पाता. जन्म प्रमाण पत्र बनवाना हो, बिजली कनेक्शन लेना हो या फिर कोई दूसरा जरूरी काम करवाना हो, इन सभी के लिए लोगों को कई हफ्तों तक इंतजार करना पड़ता है. लेकिन अब परेशान होने की जरूरत नहीं है.

दिल्ली सरकार सरकारी सेवाओं में देरी पर सख्ती करने की तैयारी में है. नए प्रस्तावित कानून के तहत अब अगर तय समय सीमा के अंदर लोगों को सरकारी सेवा नहीं मिलती है तो उन्हें 5 हजार रुपये तक का मुआवजा मिल सकता है.

कौन से बिल को मिली है मंजूरी?

दिल्ली कैबिनेट ने ' Delhi Right of Citizen to Time Bound and Ease of Delivery of services Bill 2026' को मंजूरी दे दी है. यह कानून 2011 के मौजूदा Right to Service Act की जगह लेगा.

ग्राफिक्स के जरिए समझें क्या है डेडलाइन

घर बैठे ऑनलाइन आवेदन होगा

- नई व्यवस्था के लागू होने के बाद ऑनलाइन आवेदन किया जा सकेगा.

- खास बात तो यह है कि आवेदन के बाद एक यूनिक एप्लीकेशन नंबर मिलेगा, जिसकी मदद से वह अपने आवेदन का स्टेटस चेक कर सकते हैं.

- इससे सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि लोग घर बैठे ही स्टेटस चेक कर लेंगे और उन्हें दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे.

क्या देरी होने पर सच में लगेगा जुर्माना?

अगर कोई अधिकारी बिना किसी कारण के तय समय के अंदर लोगों को सेवा उपलब्ध नहीं कराता है या फिर आवेदन को गलत तरीके से रद्द कर देता है तो उस पर जुर्माना लगाया जा सकता है जैसे...

- अधिकारी पर 250 प्रतिदिन के हिसाब से जुर्माना लगाया जा सकता है.

- यह राशि 5 हजार तक जा सकती है.

- फिलहाल देरी होने पर केवल 10 रुपये प्रतिदिन का जुर्माना लगाया जाता है.

- अधिकतम 200 रुपये तक ही जुर्माना लगाया जाता है.

- हालांकि, कार्रवाई करने से पहले अधिकारी को अपना पक्ष रखने का मौका मिलेगा.

समय पर काम न होने पर कहां करें शिकायत?

अगर आपका काम समय पर पूरा नहीं होता है तो आपको कहीं जाकर अपील या शिकायत करने की जरूरत नहीं पड़ेगी. क्योंकि यह मामला सीधे अपने आप ही सिटिजन ग्रीवेंस रिड्रेसल अथॉरिटी के पास पहुंचेगा. सबसे खास बात तो यह है कि अगर वहां पर भी समय पर काम नहीं पूरा होता है तो केस दिल्ली राइट टू सर्विस कमीशन को भेजा जाएगा. इस व्यवस्था के आने के बाद लोगों का काफी समय बचेगा और उनका काम भी आसानी से हो जाएगा.

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