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ओडिशा हाईकोर्ट जस्टिस का छत्तीसगढ़ में तबादला, सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की अनुशंसा

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने चार न्यायाधीशों को अलग-अलग हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की। इसके अलावा, ओडिशा हाईकोर्ट के जस्टिस कृष्णा राम मोहपात्रा का तबादला छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में हुआ है।

10 अगस्त 2026 को 05:15 am बजे
ओडिशा हाईकोर्ट जस्टिस का छत्तीसगढ़ में तबादला, सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की अनुशंसा

सौजन्य से:- दैनिक भास्कर

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ओडिशा हाईकोर्ट के जस्टिस मोहपात्रा का छत्तीसगढ़ तबादला:सुप्रीम कोर्ट ने 4 जजों का किया ट्रांसफर;अगले दो महीनों में सी. जे. समेत 3 जज होंगे रिटायर

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सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने चार न्यायाधीशों को अलग-अलग हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस के पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की है। इसके साथ ही ओडिशा हाईकोर्ट के दो जजों के तबादले की भी अनुशंसा की गई है। इनमें जस्टिस कृष्णा राम मोहपात्रा का ट्रांसफर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट किया गया है।

बता दें कि छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में अगले दो महीनों के भीतर चीफ जस्टिस समेत दो जज रिटायर होने वाले हैं। इसके बावजूद कॉलेजियम की सिफारिश में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के लिए फिलहाल केवल एक जज का तबादला किया गया है।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने चार न्यायाधीशों को अलग-अलग हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत करने की सिफारिश की है। CJI सूर्यकांत की अध्यक्षता में 6 अगस्त को हुई कॉलेजियम की बैठक में यह फैसला लिया गया।

कॉलेजियम ने दिल्ली हाईकोर्ट के जस्टिस वी. कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की है। वहीं, बॉम्बे हाईकोर्ट के जस्टिस रविंद्र वी. घुगे को कलकत्ता हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करने की अनुशंसा की गई है।

इसी तरह इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी को बॉम्बे हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की गई है। जबकि पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस अश्वनी कुमार मिश्रा को उसी हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करने की अनुशंसा की गई है।

ओडिशा हाईकोर्ट के दो जजों का तबादला

कॉलेजियम ने ओडिशा हाईकोर्ट के दो जजों के तबादले की भी सिफारिश की है। जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा का तबादला छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट किया गया है। उनके आने से छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में न्यायिक कामकाज को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

लंबित मामलों के बीच एक नए जज की नियुक्ति से मामलों की सुनवाई और निपटारे में भी मदद मिल सकती है। वहीं, जस्टिस मानस रंजन पाठक का तबादला गुजरात हाईकोर्ट करने की सिफारिश की गई है।

जानिए कौन हैं जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा

जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा का जन्म 18 अप्रैल 1965 को हुआ था। उनकी पारिवारिक पृष्ठभूमि भी न्यायिक रही है। उनके पिता सरत चंद्र मोहपात्रा जज रह चुके हैं। जस्टिस मोहपात्रा ने बीए और एलएलबी की शिक्षा हासिल की है।

उन्होंने 7 फरवरी 1988 को ओडिशा स्टेट बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में पंजीकरण कराया था। वकालत के दौरान उन्होंने कानून की कई शाखाओं में काम किया। सिविल, सेवा, आपराधिक और संवैधानिक मामलों समेत अलग-अलग क्षेत्रों में उन्हें करीब 26 साल का अनुभव रहा है।

कई कानूनी क्षेत्रों का है अनुभव

जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा को अभिभावक और आश्रित अधिनियम, हिंदू अल्पसंख्यक एवं संरक्षकता अधिनियम, हिंदू दत्तक ग्रहण, भरण-पोषण अधिनियम और किशोर न्याय (बालकों की देखभाल संरक्षण) अधिनियम से जुड़े मामलों का भी अनुभव रहा है।

उन्होंने ओडिशा सरकार के साथ-साथ ओडिशा लोक सेवा आयोग के लिए अतिरिक्त स्थायी वकील के रूप में भी काम किया है। इसके अलावा, वे अलग-अलग सरकारी और सार्वजनिक संस्थानों से जुड़े मामलों में अधिवक्ता के रूप में पैरवी कर चुके हैं।

कई संस्थानों के लिए कर चुके हैं पैरवी

जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा ने सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, क्योंझर, भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय के अधीन नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलिंग (एन. आई. ओ. एस.), नई दिल्ली, नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड और बैंक ऑफ बड़ौदा समेत कई संस्थानों के लिए अधिवक्ता के रूप में पैरवी की है।

वकालत के दौरान उन्होंने कई तरह के मामलों में काम किया और कानूनी क्षेत्र में अनुभव हासिल किया। इसके बाद उन्हें न्यायिक सेवा में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां मिलीं।

इसे तथ्य और भाषा के लिहाज से साफ करते हुए न्यूज स्टाइल में तैयार किया है:

17 अप्रैल 2015 को बने हाईकोर्ट जज

जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा को 17 अप्रैल 2015 को ओडिशा हाईकोर्ट के न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया था। इसके बाद से वे ओडिशा हाईकोर्ट में न्यायिक जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं।

अब सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश के बाद उनका तबादला छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करने की अनुशंसा की गई है।

अगले दो महीने में चीफ जस्टिस समेत 3 जज हो जाएंगे कम

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश के बाद छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट को जस्टिस कृष्ण राम मोहपात्रा के रूप में एक नया न्यायाधीश मिलने का रास्ता साफ हुआ है। उनके अनुभव को देखते हुए यह नियुक्ति हाईकोर्ट के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

हालांकि, अगले दो महीनों में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के तीन जज सेवानिवृत्त होने वाले हैं। जस्टिस संजय एस. अग्रवाल और जस्टिस राधाकिशन अग्रवाल अगस्त में रिटायर होंगे, जबकि चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा सितंबर में सेवानिवृत्त होंगे।

इससे हाईकोर्ट में जजों की संख्या तीन कम हो जाएगी। वर्तमान में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में चीफ जस्टिस समेत कुल 13 जज कार्यरत हैं।

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न्याय 247 न्यूज़ द्वारा प्रस्तुत

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