होम›हाई कोर्ट›राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को, जानिए क्या हैं प्रस्तावित मामले
हाई कोर्ट

राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को, जानिए क्या हैं प्रस्तावित मामले

राष्ट्रीय लोक अदालत में एनआई अधिनियम से संबंधित मामले, मनी रिकवरी, श्रम विवाद और अन्य विवादों के निपटारे के लिए होगी।

2 जुलाई 2026 को 08:24 pm बजे
राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को, जानिए क्या हैं प्रस्तावित मामले

सौजन्य से:- Amar Ujala

{"_id":"6a4643060dfdaef3b3089d17","slug":"national-lok-adalat-on-september-rampur-hp-news-c-178-1-ssml1032-163828-2026-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rampur Bushahar News: राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}

Rampur Bushahar News: राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को

विज्ञापन

खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें

या

वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें

अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो

एनआई अधिनियम से संबंधित मामलों की होगी सुनवाई

संवाद न्यूज एजेंसी

रिकांगपिओ (किन्नौर)। राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को आयोजित की जानी निश्चित हुई है, जिसमें विभिन्न प्रकार के मामले प्रस्तुत किए जा सकते हैं। इनमें धारा-138 के तहत एनआई अधिनियम से संबंधित मामले, मनी रिकवरी, श्रम विवाद, बिजली, पानी, भरण-पोषण और अन्य (आपराधिक कंपाउंडेबल और दीवानी विवाद) से संबंधित मामले शामिल हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण किन्नौर के सचिव अजय कुमार ठाकुर ने बताया कि न्यायालयों में लंबित मामले जिनमें क्रिमिनल कंपाउंडेबल ऑफेंस, धारा-138 के तहत एनआई अधिनियम से संबंधित मामले, मनी रिकवरी, वाहन दुर्घटना, श्रम विवाद, विद्युत और पानी के बिल, वैवाहिक विवाद (तलाक को छोड़कर), भू-अधिग्रहण, सेवाओं से संबंधित तनख्वाह और भत्ते, सेवानिवृत्ति से संबंधित मामले, राजस्व मामले (केवल जिला और उच्च न्यायालय में लंबित) व अन्य दीवानी मामले (किराया, सुखभोग अधिकार (गुजारा भत्ता), हिदायत संबंधी, विशिष्ट प्रदर्शन सूट, शामिल हैं। इन सब मामलों की सुनवाई भी राष्ट्रीय लोक अदालत में की जाएगी। उन्होंने बताया कि अपने-अपने न्यायिक क्षेत्र के तहत जो कोई व्यक्ति उक्त मामलों का राष्ट्रीय लोक अदालत में समाधान करवाना चाहते हैं, तो वह न्यायिक न्यायालय परिसर रामपुर बुशहर, न्यायिक न्यायालय परिसर रिकांगपिओ जिला किन्नौर, न्यायिक न्यायालय परिसर आनी जिला कुल्लू या जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण रिकांगपिओ जिला किन्नौर के कार्यालय में अपने मामले की सुनवाई के लिए संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि अधिक जानकारी के लिए 01786-223605 या secy-dlsa-kin-hp@ gov.in पर संपर्क स्थापित कर सकते हैं।

विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी

रिकांगपिओ (किन्नौर)। राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को आयोजित की जानी निश्चित हुई है, जिसमें विभिन्न प्रकार के मामले प्रस्तुत किए जा सकते हैं। इनमें धारा-138 के तहत एनआई अधिनियम से संबंधित मामले, मनी रिकवरी, श्रम विवाद, बिजली, पानी, भरण-पोषण और अन्य (आपराधिक कंपाउंडेबल और दीवानी विवाद) से संबंधित मामले शामिल हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण किन्नौर के सचिव अजय कुमार ठाकुर ने बताया कि न्यायालयों में लंबित मामले जिनमें क्रिमिनल कंपाउंडेबल ऑफेंस, धारा-138 के तहत एनआई अधिनियम से संबंधित मामले, मनी रिकवरी, वाहन दुर्घटना, श्रम विवाद, विद्युत और पानी के बिल, वैवाहिक विवाद (तलाक को छोड़कर), भू-अधिग्रहण, सेवाओं से संबंधित तनख्वाह और भत्ते, सेवानिवृत्ति से संबंधित मामले, राजस्व मामले (केवल जिला और उच्च न्यायालय में लंबित) व अन्य दीवानी मामले (किराया, सुखभोग अधिकार (गुजारा भत्ता), हिदायत संबंधी, विशिष्ट प्रदर्शन सूट, शामिल हैं। इन सब मामलों की सुनवाई भी राष्ट्रीय लोक अदालत में की जाएगी। उन्होंने बताया कि अपने-अपने न्यायिक क्षेत्र के तहत जो कोई व्यक्ति उक्त मामलों का राष्ट्रीय लोक अदालत में समाधान करवाना चाहते हैं, तो वह न्यायिक न्यायालय परिसर रामपुर बुशहर, न्यायिक न्यायालय परिसर रिकांगपिओ जिला किन्नौर, न्यायिक न्यायालय परिसर आनी जिला कुल्लू या जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण रिकांगपिओ जिला किन्नौर के कार्यालय में अपने मामले की सुनवाई के लिए संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि अधिक जानकारी के लिए 01786-223605 या secy-dlsa-kin-hp

Powered by Nyaya 247 News

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
Supreme Court ने Patna High Court के फैसले को Suo Motu उठाकर कड़ी लताड़ लगाई
हाई कोर्ट

Supreme Court ने Patna High Court के फैसले को Suo Motu उठाकर कड़ी लताड़ लगाई

सुप्रीम कोर्ट ने पटना हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती दी, सीजेआई सूर्यकांत के टिप्पणी पर प्रकाश
हाई कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने पटना हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती दी, सीजेआई सूर्यकांत के टिप्पणी पर प्रकाश

सुप्रीम कोर्ट ने चार हाई कोर्टों में 12 अतिरिक्त जजों को स्थायी पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की
हाई कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने चार हाई कोर्टों में 12 अतिरिक्त जजों को स्थायी पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की

महाराष्ट्र के मजिस्ट्रेट ने रेलवे अधिकारी को बग‑ग्रस्त VIP सोफ़ा न बदलने पर अवमानना नोटिस जारी किया
हाई कोर्ट

महाराष्ट्र के मजिस्ट्रेट ने रेलवे अधिकारी को बग‑ग्रस्त VIP सोफ़ा न बदलने पर अवमानना नोटिस जारी किया

दिल्ली हाई कोर्ट ने SAP इंडिया को नायरा एनर्जी की सपोर्ट सेवाएँ तुरंत पुनर्स्थापित करने का निर्देश दिया
हाई कोर्ट

दिल्ली हाई कोर्ट ने SAP इंडिया को नायरा एनर्जी की सपोर्ट सेवाएँ तुरंत पुनर्स्थापित करने का निर्देश दिया

दिल्ली हाई कोर्ट की संख्या अब 50, सात नई नियुक्तियों का शपथ समारोह
हाई कोर्ट

दिल्ली हाई कोर्ट की संख्या अब 50, सात नई नियुक्तियों का शपथ समारोह

किशोर न्याय कानून के दशक पर मंथन: प्रभावी कार्यान्वयन के लिए परामर्श कार्यक्रम
हाई कोर्ट

किशोर न्याय कानून के दशक पर मंथन: प्रभावी कार्यान्वयन के लिए परामर्श कार्यक्रम

सात नए जजों की शपथ से दिल्ली हाई कोर्ट की कुल संख्या 50, खाली पद घटेंगे
हाई कोर्ट

सात नए जजों की शपथ से दिल्ली हाई कोर्ट की कुल संख्या 50, खाली पद घटेंगे

ताज़ा ख़बरें