द्वारका जिला अदालत ने काला जठेड़ी को हत्या के प्रयास के आरोप से मुक्त किया
कोर्ट ने कहा कि सह-आरोपीयों के बयानों के अलावा काला जठेड़ी के विरुद्ध कोई स्वतंत्र साक्ष्य नहीं है, इसलिए उसे रिहा किया गया। वहीं, चार अन्य आरोपियों को आईपीसी और शस्त्र अधिनियम की विभिन्न धारा के तहत दोषी ठहराया गया। यह मामला 5 अगस्त 2023 को बामनौली में पुलिस टीम पर कथित फायरिंग से जुड़ा था।

सौजन्य से:- Hindustan
Delhi News: अदालत से : हत्या के प्रयास में काला जठेड़ी आरोपमुक्त
Delhi News: द्वारका जिला अदालत ने पुलिस टीम पर फायरिंग से जुड़े हत्या के प्रयास मामले में संदीप उर्फ काला जठेड़ी को आरोपमुक्त कर दिया। अदालत ने कहा कि सह-आरोपियों के बयानों के अलावा उसके खिलाफ कोई स्वतंत्र साक्ष्य नहीं है। मामले में चार अन्य आरोपियों पर अलग-अलग धाराओं के तहत आरोप तय किए गए। यह मामला पांच अगस्त 2023 को बामनौली में पुलिस टीम पर कथित फायरिंग से जुड़ा है।
Delhi News: नई दिल्ली। द्वारका जिला अदालत ने पुलिस टीम पर फायरिंग से जुड़े हत्या के प्रयास मामले में आरोपी गैंगस्टर संदीप उर्फ काला जठेड़ी को आरोपमुक्त कर दिया है। अदालत ने कहा कि जठेड़ी के खिलाफ सह-आरोपियों के बयानों के अलावा कोई स्वतंत्र साक्ष्य नहीं है। वहीं, अदालत ने मामले में चार अन्य आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास, पुलिसकर्मियों से मारपीट और शस्त्र अधिनियम समेत अलग-अलग धाराओं में आरोप तय किए हैं। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रविंदर सिंह की अदालत ने आदेश में कहा कि बिना किसी बरामदगी और स्वतंत्र साक्ष्यों की पुष्टि के केवल सह-आरोपियों के बयान जठेड़ी के खिलाफ प्रथम दृष्टया आरोप तय करने के लिए पर्याप्त नहीं हैं। इसलिए उसे मामले में लगाए गए आरोपों से मुक्त किया जाता है।
चार अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय
अदालत ने मामले में चार अन्य आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त सामग्री पाते हुए आरोप तय किए हैं। विक्की उर्फ वीरा उर्फ मोटा और नरेंद्र उर्फ बंटा के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 186, 353, 307 और 34 तथा शस्त्र अधिनियम की धारा 25 व 27 के तहत आरोप तय किए गए हैं। आरोपी मनप्रीत उर्फ गोलू और कृष्ण के खिलाफ शस्त्र अधिनियम की धारा 25 के तहत आरोप तय हुए हैं। यह मामला पांच अगस्त 2023 को बामनौली इलाके में पुलिस टीम पर कथित फायरिंग से जुड़ा है।
जठेड़ी के खिलाफ स्वतंत्र साक्ष्य का अभाव
पेश नहीं किए गए स्वतंत्र साक्ष्य
दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने विक्की और नरेंद्र की गिरफ्तारी के बाद वर्ष 2023 में मामला दर्ज किया था। जांच आगे बढ़ने के दौरान अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। काला जठेड़ी की ओर से अधिवक्ता सात्विक ने आरोपमुक्त आवेदन दाखिल किया था। अदालत ने कहा कि जठेड़ी को इस मामले में केवल सह-आरोपियों के उन बयानों के आधार पर आरोपी बनाया गया है, जिनमें कहा गया था कि वह गिरोह का सरगना था और उसने उन्हें वारदात को अंजाम देने का निर्देश दिया था। अदालत ने कहा कि इस मामले में उसके पास से कोई हथियार बरामद नहीं हुआ। उसे घटना से जोड़ने के लिए किसी स्वतंत्र गवाह का बयान, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य, कॉल डिटेल रिकॉर्ड, किसी बातचीत की रिकॉर्डिंग या अन्य स्वीकार्य साक्ष्य अदालत के सामने नहीं रखा गया है।
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