चंदौली में विशेष लोक अदालत से निपटेंगे लंबित विवाद: जागरूकता वाहन ने किया प्रचार
उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर आयोजित इस अभियान का लक्ष्य आपसी सहमति और सुलह के जरिए मामलों का शीघ्र निस्तारण करना है। यह अभियान आगामी अगस्त में आयोजित विशेष लोक अदालत के साथ समाप्त होगा।

सौजन्य से:- Dainik Bhaskar
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चंदौली में कोर्ट के बाहर समझौते से निपटेंगे विवाद:शहर में निकला जागरूकता वाहन, अगस्त में लगेगी विशेष लोक अदालत
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सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर लंबित मामलों के त्वरित निस्तारण के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत चंदौली में गुरुवार को 'समाधान समारोह-2026' के प्रचार-प्रसार की शुरुआत की गई। दीवानी न्यायालय परिसर से जागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया, जो नगर और आसपास के क्षेत्रों में भ्रमण कर लोगों को विशेष लोक अदालत और मध्यस्थता प्रक्रिया की जानकारी देगा। अभियान का उद्देश्य आपसी सहमति और सुलह के जरिए मामलों का शीघ्र निस्तारण कराना है।
दीवानी न्यायालय से रवाना हुआ प्रचार वाहन
उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देश पर आयोजित इस अभियान की शुरुआत दीवानी न्यायालय परिसर से की गई। यह पहल प्रभारी जनपद न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष अशोक कुमार के मार्गदर्शन और सचिव निकिता गौड़ के निर्देशन में शुरू हुई।
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर चल रहा अभियान
अभियान सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशानुसार 21 अप्रैल से संचालित किया जा रहा है। इसका समापन 21, 22 और 23 अगस्त को आयोजित होने वाली विशेष लोक अदालत के साथ होगा।
समझौते से होगा लंबित मामलों का निस्तारण
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने बताया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य उपयुक्त लंबित मामलों का आपसी सहमति और सुलह-समझौते के माध्यम से त्वरित समाधान कराना है। इससे वादकारियों का समय और खर्च दोनों बचेंगे तथा न्याय प्रक्रिया भी सरल होगी।
वादकारियों और अधिवक्ताओं से अपील
सचिव निकिता गौड़ ने कहा कि वादकारियों और अधिवक्ताओं को मध्यस्थता प्रक्रिया से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने सभी पक्षकारों से विशेष लोक अदालत का लाभ उठाकर विवादों का सौहार्दपूर्ण समाधान करने की अपील की।
ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों विकल्प
अभियान के तहत विभिन्न स्तरों पर स्थापित मध्यस्थता केंद्रों में सुलह बैठकें आयोजित की जाएंगी। पक्षकार अपनी सुविधा के अनुसार ऑनलाइन या ऑफलाइन दोनों माध्यमों से इन बैठकों में शामिल हो सकेंगे।
न्याय को सरल और सुलभ बनाने पर जोर
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने आमजन से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि अधिक से अधिक मामलों का समझौते के जरिए निस्तारण होने से न्याय व्यवस्था और अधिक प्रभावी, सुलभ और त्वरित बन सकेगी।
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