जागरुक विद्यार्थी : स्कूल में छात्र-छात्राओं को महिला सुरक्षा कानून की जानकारी दी गई
पूर्णिया गोस्वामी ध्वजाधर तारा उच्च माध्यमिक विद्यालय में कानूनी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें छात्र-छात्राओं को उनके अधिकारों और कर्तव्यों की जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने साइबर अपराध, महिला एवं बाल सुरक्षा कानूनों के बारे में जानकारी प्रदान की।

सौजन्य से:- Hindustan
Bhagalpur News: पूर्णिया : स्कूल में छात्र-छात्राओं को महिला सुरक्षा कानून की जानकारी
Bhagalpur News: पूर्णिया के गोस्वामी ध्वजाधर तारा उच्च माध्यमिक विद्यालय में कानूनी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को उनके अधिकारों और कर्तव्यों की जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने साइबर अपराध, महिला एवं बाल सुरक्षा कानूनों और अन्य आवश्यक विषयों पर जानकारी प्रदान की।
Bhagalpur News: पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। गोस्वामी ध्वजाधर तारा उच्च माध्यमिक विद्यालय जगैली में छात्र-छात्राओं के लिए कानूनी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में श्रीनगर थाना पुलिस ने विद्यार्थियों को उनके अधिकारों, कर्तव्यों तथा विभिन्न कानूनी प्रावधानों की जानकारी देकर जागरूक किया। कार्यक्रम का नेतृत्व श्रीनगर थानाध्यक्ष अमर कुमार ने किया। वहीं अपर थानाध्यक्ष सुधा रानी ने छात्राओं को महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़े कानूनों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि किसी लड़की का पीछा करना, छेड़छाड़, अश्लील टिप्पणी करना, सोशल मीडिया पर परेशान करना, बिना अनुमति फोटो या वीडियो वायरल करना तथा गुड टच और बैड टच की पहचान जैसे विषयों की जानकारी सभी विद्यार्थियों के लिए आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), पॉक्सो अधिनियम एवं अन्य संबंधित कानूनों के तहत दोषियों के लिए कड़ी सजा का प्रावधान है।पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध, ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, नशामुक्ति, बाल विवाह, बाल श्रम और सड़क सुरक्षा के नियमों की भी जानकारी दी। उन्होंने किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अपराध की सूचना बिना डर पुलिस, डायल 112, शिक्षक या अभिभावकों को देने की अपील की। विद्यालय की प्रधानाध्यापिका संध्या वत्स ने कहा कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों में आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ उन्हें अपने अधिकारों और जिम्मेदारियों के प्रति सजग बनाते हैं। कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं के साथ बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
लेखक के बारे में
Hindustan | Bureauहिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्यों सहित देश की राजधानी दिल्ली और एनसीआर (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्करण प्रकाशित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपरि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद विस्तार से न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।
और पढ़ेंलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
सोनम केस में सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी: आज की पीढ़ी ज्यादा जानकार लेकिन ज्ञान में कमजोर...

मध्य प्रदेश सरकार ने 7 पुराने कानूनों को हटाया, समय के साथ उपयोगिता समाप्त!

SC ने किशोर न्याय बोर्ड के फैसले का समर्थन किया, 16 साल के आरोपी का मुकदमा वयस्क के रूप में चलाने की सहमति

सुप्रीम कोर्ट ने सोनम रघुवंशी की जमानत की रद्द, परिवार ने मांगी फास्ट ट्रैक कोर्ट

फास्ट ट्रैक कोर्ट: जानें क्या होती है फास्ट ट्रैक कोर्ट और इसके क्या फायदे

भारत में प्रदर्शनकारियों को क्या अधिकार? जानें लक्ष्मण रेखा क्या है

सुप्रीम कोर्ट ने सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द की, 3 हफ्ते में सरेंडर करने का आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द की, आत्मसमर्पण के लिए दिया तीन सप्ताह का समय
ताज़ा ख़बरें
- सुप्रीम कोर्ट का आदेश: 3 हफ्ते में सोनम रघुवंशी को पुलिस के सामने सरेंडर करना होगा
- सुप्रीम कोर्ट ने सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द कर, तीन हफ्ते में सरेंडर करने का आदेश दिया
- वाराणसी में मादक पदार्थ की तस्करी करते 10 साल की सजा
- पेपर लीक पर सरकार का ऐक्शन: सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम के तहत मुकदमा चलाने की तैयारी
- हनीमून मर्डर केस में SC ने सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द की, तीन हफ्ते में सरेंडर करने का आदेश दिया
- सुप्रीम कोर्ट: उपस्थिति कम होने पर कानून के छात्रों को परीक्षा से वंचित नहीं किया जा सकता
- सोनम रघुवंशी को सुप्रीम कोर्ट का बड़ा झटका, जमानत रद्द
- गंगा अवैध कब्जे के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का आदेश: छह सप्ताह में हटाने का निर्देश

