होमसुप्रीम कोर्टजमानत प्रक्रिया में देरी संविधान का उल्लंघन: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट

जमानत प्रक्रिया में देरी संविधान का उल्लंघन: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने बताया है कि जमानत याचिकाओं में देरी संविधान के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन मानी जा सकती है। अदालतों को हर मामले में समय पर निर्णय देना चाहिए।

6 जून 2026 को 03:48 pm बजे
जमानत प्रक्रिया में देरी संविधान का उल्लंघन: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने हालिया टिप्पणियों में स्पष्ट किया है कि जमानत याचिकाओं में अनावश्यक देरी संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के अधिकार का उल्लंघन मानी जा सकती है। सुप्रीम कोर्ट के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति की जमानत याचिका लंबित रहती है या सुनवाई में अत्यधिक देरी होती है, तो यह उसके मौलिक अधिकारों को प्रभावित करता है, क्योंकि स्वतंत्रता से वंचित व्यक्ति को त्वरित न्याय मिलना आवश्यक है।

सुप्रीम कोर्ट के अनुसार जमानत प्रक्रिया को अनावश्यक रूप से लंबित रखना न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है और अदालतों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि प्रत्येक मामले में त्वरित और निष्पक्ष निर्णय लिया जाए। सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि आपराधिक मामलों में विशेष रूप से अंडरट्रायल कैदियों के लिए जमानत पर समयबद्ध सुनवाई जरूरी है। सूत्र: सुप्रीम कोर्ट

यह निष्कर्ष न्याय व्यवस्था में तेज़ और प्रभावी जमानत प्रक्रिया की आवश्यकता को मजबूत करता है और व्यक्तिगत स्वतंत्रता को सर्वोच्च संवैधानिक प्राथमिकता के रूप में स्थापित करता है।

#जमानत#सुप्रीम कोर्ट#संविधान

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने की सिफारिश: चार नए मुख्य न्यायाधीश!
सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने की सिफारिश: चार नए मुख्य न्यायाधीश!

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की बड़ी सिफारिश, 4 हाईकोर्ट में नए चीफ जस्टिस नियुक्त
सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की बड़ी सिफारिश, 4 हाईकोर्ट में नए चीफ जस्टिस नियुक्त

सुप्रीम कोर्ट के महत्वपूर्ण फैसलों का वार्षिक सारांश: जांच और कानूनी कार्यवाही में नए मानक
सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट के महत्वपूर्ण फैसलों का वार्षिक सारांश: जांच और कानूनी कार्यवाही में नए मानक

गुरुग्राम में चलेगा बुलडोजर, टूटेंगे अवैध आशियाने
सुप्रीम कोर्ट

गुरुग्राम में चलेगा बुलडोजर, टूटेंगे अवैध आशियाने

सुप्रीम कोर्ट ने योग्यता अंकों के निर्धारण और साक्षात्कार बेंचमार्क में बदलाव पर दिया निर्णय
सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने योग्यता अंकों के निर्धारण और साक्षात्कार बेंचमार्क में बदलाव पर दिया निर्णय

अनुसमर्थन की गहराई: सुप्रीम कोर्ट ने निर्धारित किया मूल्यांकन का महत्व
सुप्रीम कोर्ट

अनुसमर्थन की गहराई: सुप्रीम कोर्ट ने निर्धारित किया मूल्यांकन का महत्व

सुप्रीम कोर्ट ने कर दायित्व को वैध ठहराया, लेकिन पूर्वव्यापी जुर्माना नहीं माना
सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने कर दायित्व को वैध ठहराया, लेकिन पूर्वव्यापी जुर्माना नहीं माना

अगर सुप्रीम कोर्ट ने नहीं माननी तो 5 लाख लोगों का रोजगार होगा असुरक्षित
सुप्रीम कोर्ट

अगर सुप्रीम कोर्ट ने नहीं माननी तो 5 लाख लोगों का रोजगार होगा असुरक्षित

ताज़ा ख़बरें