गोवा विधायक के दलबदल मामले में सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई, 3 जजों की पीठ करेगी कांग्रेस नेता की याचिका पर विचार
सुप्रीम कोर्ट ने गोवा विधानसभा अध्यक्ष के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई के लिए सहमति जताई है, जिसमें कांग्रेस ने भाजपा में शामिल होने वाले 8 विधायकों को अयोग्य नहीं ठहराने का मुद्दा उठाया है। इस मामले की सुनवाई 3 जजों की पीठ करेगी। कांग्रेस नेता गिरीश चोडणकर ने सुप्रीम कोर्ट में अपील की है।

सौजन्य से:- Jagran
सुप्रीम कोर्ट पहुंचा गोवा विधायक का दलबदल मामला, 3 जजों की पीठ करेगी कांग्रेस नेता की याचिका पर सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट गोवा विधानसभा अध्यक्ष के उस फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई के लिए सहमत हो गया है। ...और पढ़ें
HighLights
- सुप्रीम कोर्ट गोवा विधायक अयोग्यता याचिका पर करेगा सुनवाई।
- अध्यक्ष ने भाजपा में शामिल आठ विधायकों को अयोग्य नहीं ठहराया था।
- कांग्रेस नेता गिरीश चोडणकर ने सुप्रीम कोर्ट में अपील की।
पीटीआई, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने गोवा विधानसभा के अध्यक्ष के एक फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई करने पर गुरुवार को सहमति जताई।
विधानसभा अध्यक्ष ने 2022 में भाजपा में शामिल होने वाले आठ विधायकों को अयोग्य ठहराने के कांग्रेस के अनुरोध को ठुकरा दिया था।
प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जायमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने आठ विधायकों के दल-बदल को लेकर कांग्रेस नेता गिरीश चोडणकर की अपील को स्वीकार कर लिया।
प्रधान न्यायाधीश ने याचिका स्वीकारते हुए कहा, अंतिम सुनवाई के लिए याचिका को तीन न्यायाधीशों की पीठ के समक्ष प्रस्तुत करें।
कांग्रेस नेता के वकील ने कहा कि पार्टी के चुनाव चिह्न पर चुने गए 11 विधायक पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए। वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी ने कहा कि संविधान की 10वीं अनुसूची के अनुसार, अगर किसी विधायक दल के दो-तिहाई सदस्य किसी दूसरी पार्टी में विलय करते हैं, तो इसे राजनीतिक दलों का विलय ही माना जाएगा।
इस मामले पर तुरंत सुनवाई की जरूरत है क्योंकि इस विधानसभा का कार्यकाल भी खत्म हो जाएगा। सालिसिटर जनरल तुषार मेहता विधानसभा अध्यक्ष के कार्यालय की ओर से पेश हुए।
यह भी पढ़ें- भोजशाला के 'निकट' नमाज पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई, मस्जिद पक्ष ने धार प्रशासन के निर्णय को दी चुनौती
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