लोक अदालत ने चेक बाउंस विवादों का शीघ्र समाधान किया, 15 मामले निपटाए गए
भभुआ और मोहनियां में विशेष लोक अदालत शनिवार को लगाई गई, जिसमें दो न्यायपीठों ने चेक बाउंस के 15 मामलों को निपटाया। भभुआ में सात और मोहनियां में आठ मामले सुलह-समझौता से निपटाए गए।

सौजन्य से:- Hindustan
विशेष लोक अदालत में चेक बाउंस के 15 मामले निष्पादित
भभुआ और मोहनियां में विशेष लोक अदालत लगाई गई, जिसमें दो न्यायपीठों ने 15 चेक बाउंस के मामलों का निष्पादन किया। भभुआ में 70 हजार रुपये समझौता राशि पर कई मामले निपटाए गए। यह लोक अदालत राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर आयोजित की गई थी। इसके माध्यम से विवादों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण निष्पादन किया जाता है।
लंबित मामलों के निष्पादन के लिए भभुआ व मोहनियां में लगी विशेष लोक अदालत लोक अदालत में सुलह-समझौता के माध्यम से दो न्यायिक पीठ ने कराया निष्पादन (पेज तीन) भभुआ,हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। व्यवहार न्यायालय परिसर भभुआ एवं अनुमंडल न्यायालय मोहनियां में शनिवार को 'विशेष लोक अदालत' लगाई गई, जिसका उद्घाटन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष अनुराग द्वारा किया गया।
विशेष लोक अदालत का निष्पादन
विशेष लोक अदालत में दो न्यायपीठ ने चेक बाउंस के 15 मामलों का निष्पादन किया गया। भभुआ में सात व मोहनियां में आठ मामले आपसी सुलह-समझौता से निपटाए गए हैं। भभुआ में 70 हजार रुपये समझौता राशि पर मामलों का निष्पादन किया गया। बताया गया है कि 182 मामले में पक्षकारों को नोटिस भेजकर निष्पादन का लक्ष्य रखा गया था।
लोक अदालत का आयोजन
यह विशेष लोक अदालत राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर आयोजित की गई, जिसका मुख्य उद्देश्य परक्राम्य लिखित अधिनियम (एनआई एक्ट) की धारा 138 से संबंधित वादों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण निष्पादन करना है। उद्घाटन के दौरान प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय विवेक कुमार, जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश डॉ. अरुण तिवारी, हर्षवर्धन, पवन कुमार शुक्ला, प्रमोद कुमार पांडेय, जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव डॉ. शैल, न्यायिक दंडाधिकारी प्रतिमा कुमारी एवं अन्य न्यायिक पदाधिकारीगण शामिल थे।
विशेष लोक अदालत की उपयोगिता
इनके अतिरिक्त जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष रविंद्र चौबे, न्यायालय कर्मी, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के कर्मचारी तथा पक्षकार उपस्थित थे। विशेष लोक अदालत की उपयोगिता और प्रक्रिया प्राधिकार के सचिव डॉ. शैल ने बताया कि लोक अदालत विवादों के समाधान का एक सशक्त और सुलभ माध्यम है। इसमें वादों का निष्पादन आपसी सुलह-समझौते के आधार पर किया जाता है। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसमें कोई न्याय शुल्क नहीं लगता है। उन्होंने पक्षकारों से अपील की कि वह सुलहनीय वादों के त्वरित निष्पादन के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के कार्यालय या संबंधित न्यायालय से संपर्क कर सकते हैं।
फोटो- 18 जुलाई
भभुआ- 4 कैप्शन- भभुआ के व्यवहार न्यायालय परिसर में शनिवार को आयोजित विशेष लोक अदालत का उद्घाटन करते जिला जज अनुराग व अन्य।
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