होममुकदमे'वैवाहिक विवाद में कराया जा सकता है बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट', सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला - supreme court paternity test allowed in matrimonial disputes
मुकदमे

'वैवाहिक विवाद में कराया जा सकता है बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट', सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला - supreme court paternity test allowed in matrimonial disputes

'वैवाहिक विवाद में कराया जा सकता है बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट', सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया है कि वैवाहिक विवादों में बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट कराया जा सकता है, भले ही बच्चा शादी के दौरान पैदा ह…

19 अगस्त 2026 को 11:54 pm बजे
'वैवाहिक विवाद में कराया जा सकता है बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट', सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला - supreme court paternity test allowed in matrimonial disputes

सौजन्य से:- Jagran

'वैवाहिक विवाद में कराया जा सकता है बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट', सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला

सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया है कि वैवाहिक विवादों में बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट कराया जा सकता है, भले ही बच्चा शादी के दौरान पैदा हुआ हो।

HighLights

- सुप्रीम कोर्ट ने वैवाहिक विवाद में डीएनए टेस्ट की अनुमति दी।

- पति की तलाक याचिका पर कोर्ट ने यह फैसला सुनाया।

- पत्नी की बेवफाई साबित करने में डीएनए टेस्ट अहम होगा।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। शादी के दौरान पैदा हुए बच्चे को वैध माना जाता है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को कहा कि वैवाहिक विवाद में बच्चे का पैटरनिटी टेस्ट कराया जा सकता है। यह मामला तब सामने आया जब एक पति ने अपनी पत्नी के कथित अनैतिक चरित्र के आधार पर तलाक मांगा और दावा किया कि वह बच्चे का बायोलॉजिकल पिता नहीं है।

जस्टिस एम.एम. सुंदरेश और जस्टिस प्रसन्ना बी. वराले की बेंच ने उस महिला की याचिका खारिज कर दी जिसने बच्चे के पैटरनिटी टेस्ट का विरोध किया था। महिला का तर्क था कि कानून का यह स्थापित सिद्धांत है कि किसी भी पक्ष को DNA टेस्ट कराने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता है, और उसके पति की तलाक की याचिका का फैसला पैटरनिटी टेस्ट के बिना ही किया जाना चाहिए।

अगर आप वफादार हैं, तो आपको टेस्ट पर आपत्ति क्यों होनी चाहिए- कोर्ट

बेंच ने पूछा, "अगर आप वफादार हैं, तो आपको टेस्ट पर आपत्ति क्यों होनी चाहिए?" कोर्ट ने पुणे की फैमिली कोर्ट और बॉम्बे हाई कोर्ट के उन आदेशों को बरकरार रखा जिनमें पति द्वारा शुरू की गई तलाक की कार्यवाही में DNA टेस्ट कराने का निर्देश दिया गया था। पति का तर्क था कि अनैतिकता के आरोप को केवल DNA टेस्ट के जरिए ही साबित किया जा सकता है।

इस मामले में, पति ने निजी तौर पर DNA टेस्ट कराया था, जिसका नतीजा नेगेटिव आया, जिससे पता चला कि वह बच्चे का बायोलॉजिकल पिता नहीं है।

कोर्ट के निर्देश पर DNA टेस्ट कराने की मांग

इस रिपोर्ट के आधार पर, उसने तलाक की याचिका दायर की और अपने आरोपों को साबित करने के लिए कोर्ट के निर्देश पर DNA टेस्ट कराने की मांग की। "मौजूदा मामले के तथ्यों में, प्रथम दृष्टया मामला साबित करने के लिए, पति ने हैदराबाद की प्रयोगशाला द्वारा किए गए DNA टेस्ट का रिकॉर्ड पेश किया है, जिसमें यह निष्कर्ष निकाला गया है कि उसके पिता होने की संभावना शून्य है।

याचिकाकर्ता द्वारा प्राप्त ऐसी DNA रिपोर्ट प्रथम दृष्टया और पर्याप्त सामग्री होगी जिससे यह निष्कर्ष निकाला जा सके कि DNA टेस्ट कराने का निर्देश दिया जा सकता है।

याचिका में दिए गए बयानों से संकेत मिलता है कि पत्नी की अनैतिकता ही वह मुख्य आधार है जिस पर पति तलाक मांग रहा है। DNA टेस्ट रिपोर्ट इस तथ्य को साबित करने में महत्वपूर्ण होगी कि क्या वह याचिका में उल्लिखित बेटे का पिता है या नहीं।

Powered by Nyaya 247 News

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
Bhadohi News: राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को
मुकदमे

Bhadohi News: राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को

Faridabad News: 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत
मुकदमे

Faridabad News: 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत

सुप्रीम कोर्ट ने यमुना बाढ़ क्षेत्र को हुए नुकसान के लिए आर्ट ऑफ लिविंग द्वारा भुगतान किया गया जुर्माना वापस करने का आदेश दिया
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने यमुना बाढ़ क्षेत्र को हुए नुकसान के लिए आर्ट ऑफ लिविंग द्वारा भुगतान किया गया जुर्माना वापस करने का आदेश दिया

सुप्रीम कोर्ट ने आर्ट ऑफ लिविंग पर लगा 5 करोड़ का जुर्माना हटाया, कहा- यमुना खादर को नुकसान का सीधा सबूत नहीं - sc quashes 5 cr fine on art of living for yamuna event
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने आर्ट ऑफ लिविंग पर लगा 5 करोड़ का जुर्माना हटाया, कहा- यमुना खादर को नुकसान का सीधा सबूत नहीं - sc quashes 5 cr fine on art of living for yamuna event

बिकरू कांड के गैंग्सटर मामले में पांच दोषियों की सजा निलंबित, जमानत अर्जी मंजूर
 - five accused granted bail by supreme court in the bikru incident gangster case
मुकदमे

बिकरू कांड के गैंग्सटर मामले में पांच दोषियों की सजा निलंबित, जमानत अर्जी मंजूर - five accused granted bail by supreme court in the bikru incident gangster case

'ग्राहकों के लिए अपनी संपत्ति भी बेच दूंगा...' सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद चर्चा में आया रामोजी राव का वो ऐतिहासिक पत्र
मुकदमे

'ग्राहकों के लिए अपनी संपत्ति भी बेच दूंगा...' सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद चर्चा में आया रामोजी राव का वो ऐतिहासिक पत्र

सुप्रीम कोर्ट ने श्री श्री रविशंकर के फाउंडेशन को दी राहत, वापस होगी 5 करोड़ जमा राशि
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने श्री श्री रविशंकर के फाउंडेशन को दी राहत, वापस होगी 5 करोड़ जमा राशि

Faridabad News: 12 सितंबर को जिला न्यायालय में राष्ट्रीय लोक अदालत
मुकदमे

Faridabad News: 12 सितंबर को जिला न्यायालय में राष्ट्रीय लोक अदालत

ताज़ा ख़बरें