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फर्जी आरोप: शिल्पा शिंदे ने बताया कानून का मिसयूज नहीं, उसका इस्तेमाल किया, मिले बकाएं

शिल्पा शिंदे ने 'लॉक अप 2' में बोला कि उसने 'साम, दाम, दंड, भेद' का प्रयोग करके प्रोड्यूसर संजय कोहली के खिलाफ फर्जी आरोप लगाने के लिए कानून का उपयोग किया। इसके लिए उन्होंने 9 साल बाद माफी भी मांगी है।

7 जुलाई 2026 को 11:00 am बजे
फर्जी आरोप: शिल्पा शिंदे ने बताया कानून का मिसयूज नहीं, उसका इस्तेमाल किया, मिले बकाएं

सौजन्य से:- Navbharat Times

शिल्पा शिंदे ने हाल ही 'लॉक अप 2' में एक बार फिर प्रोड्यूसर संजय कोहली पर लगाए फर्जी यौन शोषण के आरोपों पर बात की। शिल्पा ने कहा कि उन्होंने कानून का दुरुपयोग नहीं किया, बल्कि अपने फायदे के लिए उसका इस्तेमाल किया। उन्होंने साम, दाम, दंड, भेद सब अपनाया।

शिल्पा शिंदे ने हाल ही 'लॉक अप 2' में वाइल्ड कार्ड एंट्री की और सुर्खियां बटोर रही हैं। जहां आने के साथ ही शिल्पा का शिवांगी जोशी से झगड़ा हुआ, तो वहीं वह गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा से भी भिड़ती नजर आईं। इस बीच उन्होंने फिर से फर्जी यौन शोषण के आरोपों वाले केस पर बात की। शिल्पा ने कुछ महीने पहले एक पॉडकास्ट में कबूल किया था कि उन्होंने 'भाबीजी घर पर हैं!' प्रोड्यूसर पर यौन शोषण के फर्जी आरोप लगाए थे और झूठी शिकायत दर्ज करवाई थी। अब इसी बारे में शिल्पा ने 'लॉक अप' में कहा कि उन्होंने इसके लिए 'साम,दाम, दंड, भेद' का इस्तेमाल किया।

शिल्पा शिंदे 'लॉक अप 2' में कंटेस्टेंट्स योगेश रावत और रियाज अली के साथ इस बारे में बात कर रही थीं। इसी दौरान उनकी बहस भी हो गई। दरअसल, बातचीत के दौरान योगेश और रियाज ने इस मामले पर अपने विचार रखे। योगेश ने कहा कि उन्होंने भी ऐसा ही झेला है, और इसलिए वह शिल्पा से असहमत हैं। वहीं रियाज ने कहा कि झूठे आरोप किसी इंसान की जिंदगी बर्बाद कर सकते हैं। इसी को लेकर माहौल गरमा गया।

शिल्पा बोलीं- मैंने कानून का दुरुपयोग नहीं, उसका इस्तेमाल किया

शिल्पा शिंदे ने अपने बचाव में कहा, 'मैंने साम, दाम, दंड, भेद' का इस्तेमाल किया। मैंने कानून का दुरुपयोग नहीं किया, बल्कि उसका इस्तेमाल किया। अगर आप कहते हैं कि मैंने कानून को अपने पक्ष में मोड़ने के लिए उसे तोड़-मरोड़ कर पेश किया, तो आप वही लोग हैं, जो किसी महिला की मौत के बाद मोमबत्तियां जलाते हैं और कहते हैं कि उसने अपने हक के लिए लड़ाई नहीं लड़ी।'

मैंने साम, दाम, दंड, भेद का इस्तेमाल किया। मैंने कानून का दुरुपयोग नहीं किया, बल्कि उसका इस्तेमाल किया। अगर आप कहते हैं कि मैंने कानून को अपने पक्ष में मोड़ने के लिए उसे तोड़ मरोड़ कर पेश किया, तो आप वही लोग हैं, जो किसी महिला की मौत के बाद मोमबत्तियां जलाते हैं और कहते हैं कि उसने अपने हक के लिए लड़ाई नहीं लड़ी।

लॉक अप 2 में शिल्पा शिंदे

'उसने मुझे गिड़गिड़ाकर वापस शो में लिया'

शिल्पा ने फिर प्रोड्यूसर संजय कोहली के लिए कहा, 'वह मेरे साथ अच्छा बर्ताव करता है। 9 साल के बाद उसने मुझे गिड़गिड़ाकर वापस शो में लिया है। क्यों लिया?'

जब योगेश ने शिल्पा शिंदे की बातों पर असहमति जताई, तो वह बोलीं, 'मैं सही हूं। तुम अभी बच्चे हो। तुम्हें तब एहसास होगा, जब ऐसा कुछ तुम्हारे साथ होगा।'

क्या है शिल्पा शिंदे का फर्जी यौन शोषण के आरोपों का मामला?

बता दें कि मामला साल 2016 का है। तब शिल्पा शिंदे ने 'भाबीजी...' के प्रोड्यूसर संजय कोहली पर यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए थे और पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई थी। उस समय, संजय कोहली के प्रोडक्शन हाउस ने शिल्पा पर अनप्रोफेशनल होने का आरोप लगाया था, जबकि एक्ट्रेस ने दावा किया था कि उन्हें उनके बकाया पैसे नहीं मिले। साथ ही आरोप लगाया था कि उन्हें सेट पर उत्पीड़न और खराब काम के माहौल का सामना करना पड़ा।

शिल्पा शिंदे की गिरफ्तारी की उठी थी मांग

लेकिन कुछ महीने पहले शिल्पा शिंदे ने भारती सिंह और हर्ष लिंबाचिया के पॉडकास्ट में खुलासा किया था कि यौन उत्पीड़न का वो केस फर्जी था। फर्जी केस करने के बाद उन्हें उनके बकाया पैसे मिल गए थे। इस पर खूब बवाल मचा था। पुरुषों के लिए काम करने वाले एक एनजीओ ने शिल्पा शिंदे की गिरफ्तारी की मांग की थी।

लेखक के बारे मेंसंगीता तोमरसंगीता तोमर, नवभारतटाइम्स ऑनलाइन में प्रिंसिपल डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर हैं। वह अभी NBT (Digital) की एंटरटेनमेंट टीम के साथ जुड़ी हैं। उनकी विशेष रुचि सिनेमा और सितारों की दुनिया की थ्रोबैक स्टोरीज, BTS खबरों, गॉसिप, बॉक्स ऑफिस, सेलेब इंटरव्यूज में है। संगीता, टीवी और वेब सीरीज की ख़बरों में भी खास दिलचस्पी रखती हैं। अपने करियर में उन्होंने मनोरंजन के अलावा समसामयिक खबरों के लिए भी डेस्क और ऑन ग्राउंड रिपोर्टिंग की है। वह टीवी के लिए कई स्पेशल प्रोग्राम प्रोड्यूस कर चुकी हैं। उनके पास गुरु जम्भेश्वर यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में स्नातक और स्नातकोत्तर की डिग्री है।

पत्रकारिता अनुभव: संगीता तोमर के पास 15 साल का अनुभव है, जिसमें उन्होंने न्यूज चैनल से लेकर प्रिंट (IANS), मल्टीमीडिया और डिजिटल की दुनिया में काम किया। कई मौकों पर रिपोर्टिंग भी की।

करियर में कहां-कहां काम:संगीता तोमर ने करियर की शुरुआत फोकस न्यूज चैनल में बतौर इंटर्न शुरू की थी। इसके बाद वह उसी न्यूज चैनल में ट्रेनी और फिर असिस्टेंट प्रोड्यूसर बनीं। दो-तीन वीकली प्रोग्राम क्यूरेट और प्रोड्यूस किए।

इसके बाद उन्होंने IANS में इंग्लिश में प्रिंट की स्टोरीज लिखना और वॉइसओवर, मल्टीमीडिया पैकेज बनाना और लिखना शुरू किया। यहां वह मनोरंजन बीट पर काम करती थीं। इसके बाद उन्होंने अमर उजाला, फिर दैनिक भास्कर और उसके बाद नवभारत टाइम्स डिजिटल के साथ जुड़ीं।

रूचि और विशेषज्ञता: संगीता को सिनेमा और मनोरंजन के जगत में सितारों और फिल्मों के बारे में पढ़ना, गहनता से जानना और लिखना पसंद है। वह किसी भी विषय पर गहन रिसर्च के बाद किसी भी एंगल से लिख सकती हैं। उन्हें फिल्मों और सीरियलों के अलावा वेब सीरीज में भी दिलचस्पी है। उन्हें किताबें पढ़ना और म्यूजिक सुनना पसंद है।... और पढ़ें

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