दिल्ली सरकार खत्म करेगी 19 साल पुराना बेड एंड ब्रेकफास्ट कानून, विधानसभा में पेश किया रिपील बिल
दिल्ली सरकार ने बेड एंड ब्रेकफास्ट स्कीम के पंजीकरण और नियमन से जुड़े 19 साल पुराने कानून को समाप्त करने की दिशा में कदम बढ़ाया है।

सौजन्य से:- Jagran
दिल्ली सरकार खत्म करेगी 19 साल पुराना बेड एंड ब्रेकफास्ट कानून, विधानसभा में रिपील बिल पेश
दिल्ली सरकार ने राजधानी में दो दशक पुराने बेड एंड ब्रेकफास्ट (बी&बी) कानून को रद करने की दिशा में कदम बढ़ाया है। यह कदम मालवीय नगर में एक अवैध बी&बी म ...और पढ़ें
HighLights
- दिल्ली सरकार दो दशक पुराना बी&बी कानून रद्द करेगी।
- मालवीय नगर आग हादसे के बाद यह फैसला लिया गया।
- सुरक्षा मानकों और नियामक व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा।
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। दिल्ली सरकार ने राजधानी में बेड एंड ब्रेकफास्ट (बी&बी) स्कीम के पंजीकरण और नियमन से जुड़े करीब दो दशक पुराने कानून को समाप्त करने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। पर्यटन मंत्री कपिल मिश्रा ने शुक्रवार को विधानसभा के मानसून सत्र में दिल्ली बेड एंड ब्रेकफास्ट एस्टैब्लिशमेंट्स (रिपील) विधेयक, 2026 पेश किया। सरकार इस विधेयक को सोमवार को सदन से पारित कराने की तैयारी में है।
सरकार का यह कदम जून में मालवीय नगर स्थित एक बी&बी स्कीम के तहत गलत तरह से चल रहे एक होटल में लगी भीषण आग की घटना के बाद उठाया गया है। इस हादसे में 23 लोगों की मौत हुई थी, जिनमें 11 विदेशी नागरिक शामिल थे। जांच में सामने आया था कि संबंधित होटल आवश्यक अनुमतियों के बिना संचालित हो रहा था।
हादसे के बाद पर्यटन मंत्री कपिल मिश्रा ने पहले ही घोषणा कर दी थी कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली (इनक्रेडिबल इंडिया) बेड एंड ब्रेकफास्ट एस्टैब्लिशमेंट्स (पंजीकरण एवं विनियमन) अधिनियम, 2007 तथा इसके 2010 और 2021 के संशोधन अधिनियमों को वापस लिया जाएगा। उसी घोषणा को अमलीजामा पहनाने के लिए अब रिपील बिल विधानसभा में लाया गया है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2023 तक दिल्ली सरकार की बी&बी स्कीम के तहत राजधानी में 432 संपत्तियों के 2,200 से अधिक कमरे पंजीकृत थे। सरकार का मानना है कि पुराने कानून को समाप्त कर सुरक्षा मानकों और नियामक व्यवस्था को नए सिरे से मजबूत किया जाएगा, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
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