कानपुर में अवैध ध्वस्तीकरण पर हाईकोर्ट की नाराज़गी
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कानपुर पुलिस कमिश्नर को पुलिस के हस्तक्षेप पर तलब किया, यह बताते हुए कि पुलिस का काम व्यवस्था बनाए रखना है, कानून को हाथ में लेना नहीं। अदालत ने पुलिस की कार्रवाई को गंभीर माना और 9 सितंबर को अगली सुनवाई तय की।

सौजन्य से:- ETV Bharat
पुलिस का काम कानून-व्यवस्था बनाए रखना, कानून को हाथ में लेना नहीं...कानपुर में अवैध ध्वस्तीकरण पर हाईकोर्ट नाराज़
हाईकोर्ट ने मामले में पुलिस कमिश्नर कानपुर को तलब किया है. अगली सुनवाई नौ सितंबर को होगी.
By ETV Bharat Uttar Pradesh Team
Published : September 3, 2026 at 9:44 PM IST
प्रयागराज : कानपुर नगर में पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में संपत्ति के कथित अवैध ध्वस्तीकरण और कब्जे के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई है. कोर्ट ने प्रथम दृष्टया पुलिस की कार्रवाई को गंभीर मानते हुए कहा कि पुलिस का काम कानून-व्यवस्था बनाए रखना है, कानून को अपने हाथ में लेना नहीं. कोर्ट ने मामले की परिस्थितियों और घटना के दिन पुलिस की कार्रवाई का स्पष्टीकरण देने के लिए पुलिस कमिश्नर, कानपुर नगर को व्यक्तिगत रूप से तलब किया है.
यह आदेश न्यायमूर्ति राजीव लोचन शुक्ल ने योगेश कुमार सिंह की अग्रिम जमानत अर्जी पर सुनवाई करते हुए दिया. सुनवाई के दौरान मामले के विवेचक धर्मा कुशवाहा व्यक्तिगत रूप से अदालत में उपस्थित हुए. राज्य की ओर से दाखिल जवाबी हलफनामे के साथ घटना से संबंधित सीसीटीवी फुटेज और अन्य वीडियो के रंगीन फोटो भी अदालत में पेश किए गए.
कोर्ट ने सीसीटीवी फुटेज के अंश और केस डायरी में दर्ज तथ्यों का अवलोकन किया. अदालत ने पाया कि घटना दिनदहाड़े पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में हुई. फुटेज में अपर पुलिस उपायुक्त कानपुर नगर कपिल देव की मौके पर मौजूदगी दिखाई दे रही है. आरोपी योगेश कुमार सिंह उनके पास खड़ा नजर आ रहा है, जबकि आरोपी अरुण अवस्थी की मौजूदगी भी फुटेज में दिखाई देती है.
अदालत ने प्रथम दृष्टया कहा कि केस डायरी और जवाबी हलफनामे में उपलब्ध सामग्री से ऐसा प्रतीत होता है कि कानपुर नगर की जिला पुलिस शिकायतकर्ता के पति की संपत्ति के अवैध ध्वस्तीकरण और उस पर कब्जे की कार्रवाई में शामिल थी. कोर्ट ने पुलिस की इस कथित मनमानी को गंभीर मामला बताया और कहा कि ऐसी हाई-हैंडेडनेस को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता.
कोर्ट ने पुलिस कमिश्नर, कानपुर नगर को नौ सितंबर को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने और व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल कर घटना के दिन की परिस्थितियों तथा पुलिस की कार्रवाई के संबंध में स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है. मामले की अगली सुनवाई नौ सितंबर को दोपहर दो बजे होगी. इस बीच अदालत ने आरोपी योगेश कुमार सिंह को नौ सितंबर तक अंतरिम अग्रिम जमानत की राहत दी है.
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