सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने चार हाईकोर्ट के 12 अपर जजों को स्थायी पद पर रखने की सिफारिश की
23 सितंबर 2026 को हुई कॉलेजियम बैठक में गौहाटी, उत्तराखंड, केरल और आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट के कुल बारह अपर जजों को स्थायी जज बनाने की सिफारिश की गई। इनमें गौहाटी हाईकोर्ट के जस्टिस कौशिक गोस्वामी, उत्तराखंड के जस्टिस सुभाष उपाध्याय तथा केरल और आंध्र प्रदेश के पाँच‑पाँच जज शामिल हैं। सुप्रीम कोर्ट ने इस पर अलग‑अलग बयान जारी किए हैं।

सौजन्य से:- Law Trend
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने गौहाटी, उत्तराखंड, केरल और आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट में कार्यरत 12 अपर जजों को स्थायी जज के रूप में नियुक्त करने की सिफारिश की है।
ये सिफारिशें कॉलेजियम की 23 सितंबर 2026 को हुई बैठक में की गईं। सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में अलग-अलग बयान जारी किए हैं।
गौहाटी हाईकोर्ट
कॉलेजियम ने गौहाटी हाईकोर्ट के अपर जज जस्टिस कौशिक गोस्वामी को स्थायी जज नियुक्त करने की सिफारिश की है।
उत्तराखंड हाईकोर्ट
उत्तराखंड हाईकोर्ट के अपर जज जस्टिस सुभाष उपाध्याय को स्थायी जज के रूप में नियुक्त करने की सिफारिश की गई है।
केरल हाईकोर्ट
कॉलेजियम ने केरल हाईकोर्ट के पांच अपर जजों को स्थायी जज नियुक्त करने की सिफारिश की है। इनमें शामिल हैं:
- जस्टिस पी. कृष्ण कुमार
- जस्टिस के.वी. जयकुमार
- जस्टिस मुरली कृष्ण एस.
- जस्टिस जोबिन सेबेस्टियन
- जस्टिस पी.वी. बालकृष्णन
आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट
आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट के पांच अपर जजों को भी स्थायी जज के रूप में नियुक्त करने की सिफारिश की गई है। इनमें शामिल हैं:
- जस्टिस महेश्वरा राव कुंचेम @ कुंचम
- जस्टिस थूटा चंद्र धना सेकर @ टी.सी.डी. सेखर
- जस्टिस चल्ला गुणरंजन
- जस्टिस अवधनम हरि हरनाथ शर्मा
- डॉ. जस्टिस यादवल्ली लक्ष्मण राव
कॉलेजियम ने इन सभी 12 जजों के नामों पर 23 सितंबर 2026 की बैठक में विचार कर स्थायी जज के रूप में नियुक्ति की सिफारिश की।
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