आदमगढ़ में 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत के लिये जन जागरूकता का आदेश
अपर जिलाधिकारी संजय चावला ने राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार‑प्रसार को सुदृढ़ करने का निर्देश दिया है, ताकि सुलह‑समझौते के आधार पर अधिकतम विवादों का निपटारा हो सके। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को अदालत के उद्देश्य, कार्यप्रणाली और त्वरित, सरल निस्तारण की जानकारी आम जनता तक पहुँचाने की आवश्यकता बताई गई है।

सौजन्य से:- Hindustan
राष्ट्रीय लोक अदालत 12 को, प्रचार-प्रसार के निर्देश
हिन्दुस्तान, आजमगढ़
आजमगढ़ में 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। अपर जिलाधिकारी संजय चावला ने अदालत के प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए हैं ताकि सुलह-समझौते के आधार पर अधिकतम वादों का निस्तारण हो सके। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने आम जनता को अदालत के उद्देश्य और प्रक्रिया की जानकारी देने की आवश्यकता बताई।
आजमगढ़। राष्ट्रीय लोक अदालत 12 सितंबर को आयोजित किया गया है। अपर जिलाधिकारी प्रशासन संजय चावला ने राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार प्रसार कराने का निर्देश दिये हैं। उन्होंने राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिकाधिक वादों का निस्तारण सुलह—समझौते के आधार पर कराए जाने के लिए आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए हैं।उन्होंने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, दीवानी न्यायालय में राष्ट्रीय लोक अदालत के व्यापक प्रचार—प्रसार हेतु आमजन को इसके आयोजन, उद्देश्य एवं सुलह—समझौते के आधार पर वादों के त्वरित एवं सरल निस्तारण के संबंध में जानकारी उपलब्ध कराया जाना आवश्यक है।
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
हरियाणा में 12 सितंबर को ट्रैफिक ई‑चालान निपटाने लोक अदालत, कार‑बाइक मालिकों के लिए अवसर

महराजगंज में अवकाशकालीन सुरक्षा को सुदृढ़ करने के लिए डीएम‑एसपी ने अधिकारियों को सतर्क रहने का निर्देश

लोक अदालत में अधिक मामलों का निपटारा बढ़ाने पर जोर

सत्य निकेतन हादसे के बाद अतिरिक्त मंजिलों को सील करने में सरकारी नियमों की अड़चन

हमारी नदियों की ज़िन्दगी के लिए एक नया दृष्टिकोण

नदियों की संकट स्थिति: जलवायु परिवर्तन, प्रदूषण और जनसंख्या दबाव से बढ़ रही चुनौतियाँ

वाराणसी में पेंशनधारकों के लिए 15 दिसंबर को पेंशन अदालत का संचालन

जलवायु परिवर्तन और जनसंख्या दबाव से नदियों की बिगड़ती स्थिति—इन्हें इंसान मानना बदल सकता है?
ताज़ा ख़बरें
- नदियों को मानवीय दृष्टिकोण से देखें: जलवायु परिवर्तन, प्रदूषण और जनसंख्या का बढ़ता दबाव
- नदियाँ भी मनुष्य हैं: उनके संकट पर नया दृष्टिकोण
- कुशीनगर में 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत, बैंक‑ऋण व पारिवारिक विवाद सुलह‑समझौते से सुलझेंगे
- रक्तरंजित धारा: जलवायु‑परिवर्तन, प्रदूषण और जनसंख्या दबाव से नदियों की संकटग्रस्त स्थिति
- विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार हेतु जागरूकता रैली निकाली
- नदियों को मानवीकृत करें? क्या इससे जल संकट में बदलाव आ सकता है?
- नदियों की दुविधा: जलवायु, प्रदूषण और जनसंख्या के साथ संघर्ष
- नदियों के संकट को मानवीय रूप में देखें: क्या इससे बदलाव आएगा?

