होम›अपराध›नीला ड्रम केस में आज सुनाएगा न्यायालय मुस्कान‑साहिल को दोषी या निरपराध का फैसला
अपराध

नीला ड्रम केस में आज सुनाएगा न्यायालय मुस्कान‑साहिल को दोषी या निरपराध का फैसला

मेरठ जिला अदालत आज मर्चेंट नेवी अधिकारी सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल के विरुद्ध निर्णय सुनाएगी। अभियोजन पक्ष ने मृत्युदंड की मांग की है और 22 गवाहों एवं कई साक्ष्य‑वीडियो, हथियार और नीला ड्रम आदि प्रस्तुत किए हैं। सभी गवाहियों की जिरह समाप्त होने के बाद जज अरविन्द मिश्रा फैसला करेंगे।

30 सितंबर 2026 को 05:05 am बजे
नीला ड्रम केस में आज सुनाएगा न्यायालय मुस्कान‑साहिल को दोषी या निरपराध का फैसला

सौजन्य से:- ETV Bharat

नीला ड्रम केस : हत्यारोपी मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल पर अदालत आज सुनाएगी फैसला

मर्चेंट नेवी मे ऑफिसर रहे सौरभ राजपूत की हत्या का मामला, हत्यारोपी पत्नी मुस्कान और प्रेमी साहिल के खिलाफ मार्च 2025 में दर्ज हुई थी रिपोर्ट.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : September 30, 2026 at 9:35 AM IST

|Updated : September 30, 2026 at 10:56 AM IST

मेरठ: मेरठ के बहुचर्चित "नीला ड्रम केस" में आज जिला अदालत फैसला सुना सकती है. मर्चेंट नेवी मे ऑफिसर रहे सौरभ राजपूत को उसकी पत्नी मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल तभी से सलाखों के पीछे हैं. वहीं सौरभ का परिवार हत्यारोपियों को फांसी देने की मांग घटना के बाद से करता आ रहा है.

मेरठ के ब्रह्मपुरी क्षेत्र के चर्चित नीला ड्रम मामला इतना चर्चित हुआ कि इस मामले में घटना के बाद से अब तक अनगिनत मीम्स भी बन चुके हैं. वहीं कई ऐसे मामले भी सामने आ चुके हैं जिस वजह से नीला ड्रम सुर्ख़ियों में आता रहा है.

आज का दिन बेहद ही महत्वपूर्ण है, आज जिला अदालत में जज अरविन्द मिश्रा इस मामले में फैसला सुना सकते हैं. सभी गवाहों के बयान और फिर उनसे जिरह भी पूरी हो चुकी है.

आज अदालत मर्चेंट नेवी अधिकारी सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में यह भी तय करेगी कि अपने प्रेमी के साथ मेरठ जिला जेल में बंद हत्या की आरोपी मुस्कान और उसका प्रेमी साहिल दोषी हैं या नहीं.

बता दें कि 17 सितंबर को सभी पक्ष सुनने के बाद और कोर्ट में बहस पूरी होने के बाद, अभियोजन पक्ष ने परिस्थितिजन्य साक्ष्यों और मामले से जुड़े तथ्यों के आधार पर मृत्युदंड की मांग की थी.

इस दौरान तमाम अहम गवाह भी अभियोजन पक्ष की की ओर से पेश किये गये थे. मृतक सौरभ की पत्नी और उसके प्रेमी साहिल के कथित कारनामे और अलग अलग लोकेशन पर एक साथ घूमने फिरने की तमाम वीडियो के अलावा जिन जिन जगहों से मौत का सामान खरीदा गया. वे सभी विषय भी कोर्ट में आ चुके हैं.

इतना ही नहीं आरोपियों ने कहां से नशीली दवा खरीदीं, कहां से चाकू, तो कहां से नीला ड्रम, सीमेंट और रेत ये सारे सबूत भी कोर्ट में पेश किये गए हैं.

इस मामले में ईटीवी भारत से मारे गए सौरभ के परिवार की ओर से मुकदमा लड़ रहे अधिवक्ता विजय बहादुर ने बताया कि 22 गवाह वादी पक्ष की ओर से कोर्ट में पेश किए गए हैं.

सौरभ के भाई बबलू ने कहा कि उनकी मां और सौरभ के दोस्त की भी गवाही दर्ज की गई है .वहीं, मुस्कान और साहिल जहां घूमने गए थे, वहां से जुड़े साक्ष्य भी अदालत में पेश किये गए हैं. अब उन्हें इंतजार है कोर्ट के फैसले का.

वहीं इस पूरे मामले में जेल अधीक्षक डॉक्टर वीरेश राज शर्मा ने बताया कि जेल मैन्युअल के हिसाब से मुस्कान और उसकी बच्ची को व्यवस्था दी गई हैं . साथ ही उन्होंने बताया कि मुस्कान खुद को धार्मिक गतिविधियों में लिप्त रखती है. वहीं साहिल जेल में खेती भी करता है. किसी से ज्यादा बात नहीं करता.

बता दें कि 18 मार्च 2025 को इस मामले मारे गए सौरभ के भाई बबलू ने ब्रह्मपुरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी. जिसमें ये ही जानकारी दी गई थी कि नजदीक में ही रहने वाली मुस्कान रस्तोगी और उनके भाई सौरभ ने वर्ष 2016 में प्रेम विवाह किया था.

कुछ दिन ही वह दोनों परिवार के साथ रहे मुस्कान को परिवार के लोगों से नाराजगी बनी रहती थी, वह आए दिन अलग रहने के लिए सौरभ से लड़ाई झगड़ा करती थी. इसके बाद दोनों नजदीक में ही कुछ दूरी पर किराए पर रह रहे थे. उनका भाई कमाने विदेश जाता था, मुस्कान 2019 में नजदीक में ही रहने वाली रंजन वाली गली में रहने वाले साहिल शुक्ला से संपर्क में थी. दोनों की नजदीकियां थीं, जिस वजह से उनका भाई सौरभ परेशान भी रहता था.

बबलू का ये भी कहना है कि सौरभ को उसकी पत्नी और साहिल शुक्ला से जान का खतरा था.

पांच मार्च 2025 से सौरभ अचानक लापता था. वह ओमपाल नाम के व्यक्ति के घर मे जिस मकान में किराए पर रहता था वहां ताला लगा हुआ था. साथ ही मुस्कान भी वहां नहीं थी. जिस पर बबलू ने भाई को गायब करने की आशंका जताई थी और फिर 18 मार्च को पुलिस ने जब इस पूरे मामले खुलासा किया था तो, तीन मार्च की रात मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल ने सौरभ की हत्या की थी, ये भी आरोप बबलू ने लगाया था.

पांच मार्च को दोनों मुस्कान और साहिल घूमने के लिए शिमला, मनाली चले गए थे, 17 मार्च को मेरठ लौटे थे तो पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था. सौरभ के कई टुकड़े करके उसके शव को नीले ड्रम में भर दिया था. उसके बाद जब साहिल और मुस्कान को कोर्ट लाया गया, तो वहां वकीलों ने गुस्से का इजहार किया था. जिसके बाद से दोनों को वर्चुअल माध्यम से अदालत में पेश किया जाता है.

ऐसे में आज भी अपने पति सौरभ की हत्या के इल्जाम में सलाखों के पीछे निरुद्ध मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला को न्यायालय में पेश करना एक बार फिर आज चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है.

आज क्या फैसला आता है दोनों को कोई राहत मिलती है या फांसी या फिर उम्रकैद हर कोई अब ये जानना चाहता है.

Powered by Nyaya 247 News

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
सुप्रीम कोर्ट ने यूपी पुलिस की जांच पर कड़ी फटकार देते हुए कहा, 'भंग कर देना चाहिए'
अपराध

सुप्रीम कोर्ट ने यूपी पुलिस की जांच पर कड़ी फटकार देते हुए कहा, 'भंग कर देना चाहिए'

नंदीग्राम उपचुनाव में मिलन प्रधान की जमानत पर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई, 5 अक्टूबर को तय
अपराध

नंदीग्राम उपचुनाव में मिलन प्रधान की जमानत पर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई, 5 अक्टूबर को तय

मेरठ के नीला ड्रम हत्या मामले में आज संभावित फैसला, मुस्कान‑साहिल के सामने सजा की घड़ी
अपराध

मेरठ के नीला ड्रम हत्या मामले में आज संभावित फैसला, मुस्कान‑साहिल के सामने सजा की घड़ी

दिल्ली हाई कोर्ट ने उमर खालिद व शरजील इमाम को 2020 दंगों के यूएपीए केस में तीसरी बार जमानत नहीं दी
अपराध

दिल्ली हाई कोर्ट ने उमर खालिद व शरजील इमाम को 2020 दंगों के यूएपीए केस में तीसरी बार जमानत नहीं दी

सुप्रीम कोर्ट ने कहा, ट्रायल में देरी हिरासत को सजा नहीं बना सकती – दो राजस्थानी आरोपियों को जमानत
अपराध

सुप्रीम कोर्ट ने कहा, ट्रायल में देरी हिरासत को सजा नहीं बना सकती – दो राजस्थानी आरोपियों को जमानत

बच्चों के लिए लैंगिक अपराध रोकथाम और कानूनी अधिकारों की विशेष जागरूकता शिविर
अपराध

बच्चों के लिए लैंगिक अपराध रोकथाम और कानूनी अधिकारों की विशेष जागरूकता शिविर

मेहरुत के "नीले ड्रम" मामले में 126 सुनवाइयाँ, 22 गवाह—आज निर्णय अपेक्षित
अपराध

मेहरुत के "नीले ड्रम" मामले में 126 सुनवाइयाँ, 22 गवाह—आज निर्णय अपेक्षित

सुप्रीम कोर्ट ने सुरक्षा, डिजिटल शुल्क और शिक्षा सहित कई मामलों में सरकार को कड़ी चुनौती
अपराध

सुप्रीम कोर्ट ने सुरक्षा, डिजिटल शुल्क और शिक्षा सहित कई मामलों में सरकार को कड़ी चुनौती

ताज़ा ख़बरें