होममुकदमेभोजशाला के करीब नमाज पर आज फैसला
मुकदमे

भोजशाला के करीब नमाज पर आज फैसला

भोजशाला के निकट नमाज के लिए वैकल्पिक स्थल के मामले में सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई होगी। मस्जिद पक्ष ने धार प्रशासन के निर्णय को चुनौती दी है, जिसमें मालीवाड़ा को नमाज के लिए वैकल्पिक स्थल बनाया गया है।

24 जुलाई 2026 को 03:15 am बजे
भोजशाला के करीब नमाज पर आज फैसला

सौजन्य से:- Jagran

भोजशाला के 'निकट' नमाज पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई, मस्जिद पक्ष ने धार प्रशासन के निर्णय को दी चुनौती

मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला से 900 मीटर दूर मालीवाड़ा (40 पीर क्षेत्र) नमाज के लिए वैकल्पिक स्थल रहेगा या कोई और स्थल चुना जाएगा, इस पर ...और पढ़ें

HighLights

- मस्जिद पक्ष ने मालीवाड़ा में स्थल चयनित करने के धार प्रशासन के निर्णय को दी है चुनौती

- याचिका में अंतरिम आदेश का प्रभावी और अक्षरश: पालन कराने की मांग की गई है

जेएनएन, धार। मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला से 900 मीटर दूर मालीवाड़ा (40 पीर क्षेत्र) नमाज के लिए वैकल्पिक स्थल रहेगा या कोई और स्थल चुना जाएगा, इस पर आज फैसला होगा। इस स्थल को चयनित करने के धार जिला प्रशासन के निर्णय को मस्जिद पक्ष की ओर से चुनौती दिए जाने की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी।

दरअसल, मस्जिद पक्ष ने याचिका में कहा है कि सुप्रीम कोर्ट ने अपने अंतरिम आदेश में भोजशाला परिसर के निकट शुक्रवार की नमाज के लिए वैकल्पिक स्थल चयनित करने के निर्देश दिए थे, लेकिन प्रशासन ने अंतरिम आदेश की अपनी तरह से व्याख्या करके किलोमीटर दूर मालीवाड़ा को नमाज स्थल तय किया है।

मस्जिद पक्ष ने याचिका में भोजशाला से सटी खिलजी दरगाह के समीप नमाज के लिए वैकल्पिक स्थान पर विचार न किए जाने पर भी आपत्ति दर्ज कराई है। कहा है कि इस स्थल को प्रशासन ने पर्याप्त परीक्षण के बिना ही खारिज कर दिया।

याचिका में अंतरिम आदेश का प्रभावी और अक्षरश: पालन कराने की मांग की गई है। उधर, प्रशासन ने पिछले शुक्रवार को ही नमाज के लिए 40 पीर क्षेत्र में नमाज के लिए बैरिकेडिंग व अन्य व्यवस्थाएं करा दी थीं।

प्रशासन का तर्क- सभी पहलुओं पर विचार करके लिया है निर्णयवहीं, जिला प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि मालीवाड़ा स्थित 40 पीर क्षेत्र शासकीय भूमि है, उसको कानून व्यवस्था समेत अन्य सभी पहलुओं पर विचार करके नमाज के लिए चुना है।

खबरें और भी

उधर, प्रतिक्रिया में मंदिर पक्ष की ओर से भोजशाला मुक्ति यज्ञ समिति के संयोजक गोपाल शर्मा ने कहा है कि प्रशासन ने मालीवाड़ा में नमाज के लिए उपयुक्त स्थान उपलब्ध कराया है, लेकिन अंतरिम आदेश की आड़ में मस्जिद पक्ष जिस स्थान पर नमाज की मांग कर रहा है, वह न तो न्यायोचित है और न ही शहर की शांति व्यवस्था के लिहाज से उचित है।

Powered by Nyaya 247 News

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
सुपौल में 12 सितंबर को लोक अदालत, 16,600 ट्रैफ़िक‑परिवहन मामलों का त्वरित निपटारा, 90‑दिन पुराने चालानों पर 50% तक राहत
मुकदमे

सुपौल में 12 सितंबर को लोक अदालत, 16,600 ट्रैफ़िक‑परिवहन मामलों का त्वरित निपटारा, 90‑दिन पुराने चालानों पर 50% तक राहत

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने शरिया कोर्ट के आदेश को कानूनी मान्यता नहीं दी
मुकदमे

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने शरिया कोर्ट के आदेश को कानूनी मान्यता नहीं दी

हरी झंडी दिखाकर शुरू, 12 सितंबर को हमीरपुर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन
मुकदमे

हरी झंडी दिखाकर शुरू, 12 सितंबर को हमीरपुर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन

लखनऊ की पुलिस‑कानूनी सेवा मिलकर लोक अदालत का प्रचार करेंगे गांव-गांव
मुकदमे

लखनऊ की पुलिस‑कानूनी सेवा मिलकर लोक अदालत का प्रचार करेंगे गांव-गांव

सर्वर त्रुटि 500: अस्थायी व्यवधान
मुकदमे

सर्वर त्रुटि 500: अस्थायी व्यवधान

सुप्रीम कोर्ट ने स्कूल एवं कॉलेजों में शिक्षकों की नियुक्ति पर रोक लगाई: बिना आरटीई, एनसीटीई, यूजीसी योग्यता के नहीं होंगे
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने स्कूल एवं कॉलेजों में शिक्षकों की नियुक्ति पर रोक लगाई: बिना आरटीई, एनसीटीई, यूजीसी योग्यता के नहीं होंगे

सर्वर त्रुटि 500 – पुनः प्रयास करें
मुकदमे

सर्वर त्रुटि 500 – पुनः प्रयास करें

500 सर्वर त्रुटि: अस्थायी समस्या
मुकदमे

500 सर्वर त्रुटि: अस्थायी समस्या

ताज़ा ख़बरें