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सुप्रीम कोर्ट ने सहायक प्रोफेसरों की नियुक्ति प्रक्रिया पर रोक लगाई, 917 पदों के साक्षात्कार प्रभावित

उत्तर प्रदेश के शासकीय सहायता प्राप्त कॉलेजों में सहायक प्रोफेसर की भर्ती प्रक्रिया पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी है, जिससे 917 पदों के साक्षात्कार प्रभावित हुए हैं।

21 जुलाई 2026 को 08:13 pm बजे
सुप्रीम कोर्ट ने सहायक प्रोफेसरों की नियुक्ति प्रक्रिया पर रोक लगाई, 917 पदों के साक्षात्कार प्रभावित

सौजन्य से:- हिंदुस्तान

सुप्रीम कोर्ट ने सहायक प्रोफेसरों की नियुक्ति प्रक्रिया पर रोक लगाई

सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश के शासकीय सहायता प्राप्त कॉलेजों में सहायक प्रोफेसर की भर्ती पर रोक लगा दी है, जिससे 917 पदों के साक्षात्कार प्रभावित हुए हैं। जस्टिस प्रशांत कुमार मिश्रा और एस. चंद्रशेखर की पीठ ने यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया है, अगली सुनवाई 7 सितंबर को होगी।

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को उत्तर प्रदेश के शासकीय सहायता प्राप्त कॉलेजों में सहायक प्रोफेसर की भर्ती मामले में याथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया है। शीर्ष अदालत के इस अंतरिम आदेश से सहायक प्रोफोसरों की भर्ती प्रक्रिया को करारा झटका लगा है क्योंकि मंगलवार से ही 917 पदों के साक्षात्कार शुरू हुए थे। जस्टिस प्रशांत कुमार मिश्रा और एस. चंद्रशेखर की पीठ ने इस मामले में 25 मई, 2026 के अंतरिम आदेश को प्रभावी बताते हुए, मामले में सक्षम प्राधिकारों को यथास्थिति बनाए रखने का निर्देश दिया। मामले की अगली सुनवाई 7 सितंबर को होगी। इससे पहले, अपीलकर्ताओं ने पीठ को बताया कि रोक के बाद भी इस मामले में साक्षात्कार शुरू किया जा रहा है।

हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ धीरज चंदानी सहित 19 प्रतिभागियों ने इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में अपील दाखिल की थी। शीर्ष अदालत ने मामले में 25 मई को अंतरिम आदेश पारित कर हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगाने के साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार और यूपीएचईएससी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। यूपीएचईएससी ने 2022 में विज्ञापन संख्या-51 जारी कर सरकारी सहायता प्राप्त कॉलेजों में सहायक प्रोफेसर के 917 पदों पर नियुक्ति के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू की थी। बाद में नए आयोग यानी उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने 910 पदों के लिए 16 और 17 अप्रैल 2025 को लिखित परीक्षा आयोजित की। इन पदों के लिए करीब 82 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। परीक्षा के तुरंत बाद से ही बड़े पैमाने पर अनियमितता की शिकायतें सामने आने लगी थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर एसटीएफ से गोपनीय जांच कराई गई और परीक्षा रद्द कर दिया था। इसके बाद दोबारा लिखित परीक्षा 18 और 19 अप्रैल 2026 को आयोजित की गई और 9 जून को परिणाम जारी किया गया। लिखित परीक्षा में सफल हुए 3155 अभ्यर्थियों के साक्षात्कार का विस्तृत कार्यक्रम जारी किया था। भर्ती प्रक्रिया के लिए 21 जुलाई को अर्थशास्त्र, 22 जुलाई को वनस्पति विज्ञान और दर्शनशास्त्र, 23 जुलाई को रसायन विज्ञान और 24 जुलाई को अंग्रेजी विषय के अभ्यर्थियों के साक्षात्कार होने थे। इसके बाद विभिन्न विषयों के साक्षात्कार 28 जुलाई से 13 अगस्त तक आयोजित किए जाने थे।

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न्याय 247 न्यूज़ द्वारा प्रस्तुत

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