होममुकदमेसुप्रीम कोर्ट का आदेश: कोर्ट की कार्यवाही का वीडियो शेयर करने से पहले पढ़ लें ये नियम
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट का आदेश: कोर्ट की कार्यवाही का वीडियो शेयर करने से पहले पढ़ लें ये नियम

सुप्रीम कोर्ट ने एक आदेश में कहा है कि कोर्ट की कार्यवाही की रिकॉर्डिंग को बिना अनुमति सोशल मीडिया या किसी भी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पोस्ट, रीपोस्ट, अपलोड या शेयर नहीं किया जा सकेगा। इसके अलावा, ऐसे वीडियो से कमाई करना भी प्रतिबंधित रहेगा।

24 जुलाई 2026 को 03:14 pm बजे
सुप्रीम कोर्ट का आदेश: कोर्ट की कार्यवाही का वीडियो शेयर करने से पहले पढ़ लें ये नियम

सौजन्य से:- India TV Hindi

Highlights

- सुप्रीम कोर्ट ने बिना अनुमति कोर्ट की कार्यवाही की रिकॉर्डिंग पोस्ट करने पर रोक लगाई।

- सोशल मीडिया पर रिकॉर्डिंग में छेड़छाड़, रीपोस्ट और मोनेटाइजेशन भी पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।

- अदालत ने केंद्र और राज्यों से अनधिकृत प्रसार रोकने की मांग वाली याचिका पर जवाब मांगा।

नई दिल्ली: अगर आप सुप्रीम कोर्ट या किसी हाई कोर्ट की लाइव-स्ट्रीम की गई कार्यवाही का वीडियो या ऑडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हैं, तो अब आपको सावधान रहने की जरूरत है। भारत के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की अगुवाई वाली बेंच ने अपने आदेश में कहा है कि अदालत की कार्यवाही की रिकॉर्डिंग को बिना अनुमति सोशल मीडिया या किसी भी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पोस्ट, रीपोस्ट, अपलोड या शेयर नहीं किया जा सकेगा। इसके अलावा, ऐसे वीडियो से कमाई यानी मोनेटाइजेशन करना भी प्रतिबंधित रहेगा। अदालत ने कहा है कि ऐसा करने से पहले संबंधित हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल या सुप्रीम कोर्ट के सेक्रेटरी जनरल की मंजूरी लेना जरूरी होगा।

सुप्रीम कोर्ट ने क्यों लगाई यह रोक?

सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा है कि कोर्ट की लाइव-स्ट्रीम से कोई छोटा क्लिप निकालना, वीडियो या ऑडियो में एडिटिंग करना, उसमें बदलाव करना या उसे अलग तरीके से पेश करना भी बिना अनुमति नहीं किया जा सकेगा। यानी कोई भी व्यक्ति कोर्ट की कार्यवाही का कोई हिस्सा काटकर या बदलकर सोशल मीडिया, यूट्यूब या किसी दूसरे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपलोड नहीं कर सकेगा। अदालत का मानना है कि इस तरह के अधूरे या बदले हुए वीडियो लोगों के बीच गलतफहमी फैला सकते हैं और न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं, इसलिए ऐसे मामलों पर रोक लगाना जरूरी है।

न्यूज रिपोर्टिंग पर कोई असर नहीं

सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी कहा है कि इस फैसले की जानकारी सभी लोगों तक पहुंचनी चाहिए। इसके लिए सुप्रीम कोर्ट के सेक्रेटरी जनरल और सभी हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल को निर्देश दिया गया है कि वे इस आदेश को अपनी-अपनी अदालतों की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी करें। हालांकि, अदालत ने यह भी साफ कर दिया है कि इस आदेश का समाचारों की रिपोर्टिंग पर कोई असर नहीं पड़ेगा। यानी मीडिया पहले की तरह अदालत की कार्यवाही से जुड़ी खबरें प्रकाशित और प्रसारित कर सकेगा। यह रोक केवल कोर्ट की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग के अनधिकृत इस्तेमाल, शेयर करने और उससे कमाई करने पर लागू होगी।

सुप्रीम कोर्ट में दायर हुई थी याचिका

बता दें कि यह आदेश उस याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया गया, जिसमें मांग की गई थी कि अदालत की कार्यवाही के वीडियो को बिना अनुमति सोशल मीडिया और दूसरे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर फैलाने और उससे कमाई करने पर रोक लगाई जाए। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार और सभी राज्य सरकारों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। अब सरकारों को बताना होगा कि इस तरह के अनधिकृत इस्तेमाल को रोकने के लिए क्या व्यवस्था की जा सकती है। अदालत के इस फैसले को न्यायिक प्रक्रिया की गरिमा बनाए रखने और कोर्ट की कार्यवाही के गलत इस्तेमाल पर रोक लगाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

ये भी पढ़ें: NEET UG पेपर लीक पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, कहा- 'हमें गलतियों का सिलसिला खत्म करना होगा'

Powered by Nyaya 247 News

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
शहरी विकास कानून को लागू करने की दिशा में कदम
मुकदमे

शहरी विकास कानून को लागू करने की दिशा में कदम

सुप्रीम कोर्ट ने सोशल मीडिया पर अदालती कार्यवाही क्लिप पर प्रतिबंध लगाया
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने सोशल मीडिया पर अदालती कार्यवाही क्लिप पर प्रतिबंध लगाया

दिल्ली उच्च न्यायालय में जनहित याचिका: जंतर-मंतर के आसपास इंटरनेट शटडाउन की चुनौती
मुकदमे

दिल्ली उच्च न्यायालय में जनहित याचिका: जंतर-मंतर के आसपास इंटरनेट शटडाउन की चुनौती

ओपनएआई को बड़ी जीत ओपनएआई के खिलाफ निर्णय: कॉपीराइट कानून में बड़ा बदलाव
मुकदमे

ओपनएआई को बड़ी जीत ओपनएआई के खिलाफ निर्णय: कॉपीराइट कानून में बड़ा बदलाव

SC ने सोशल मीडिया पर अदालती सुनवाई की वीडियो रिकॉर्डिंग पर लगाया रोक
मुकदमे

SC ने सोशल मीडिया पर अदालती सुनवाई की वीडियो रिकॉर्डिंग पर लगाया रोक

सुप्रीम कोर्ट ने NEET-UG परीक्षा के पेपर लीक को लेकर केंद्र से बड़ा जवाब मांगा
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने NEET-UG परीक्षा के पेपर लीक को लेकर केंद्र से बड़ा जवाब मांगा

सुप्रीम कोर्ट ने पापरल लीक से जुड़े याचिकाओं पर सुनवाई की, कहा है कि गलतियां होने का सिलसिला खत्म होना होगा
मुकदमे

सुप्रीम कोर्ट ने पापरल लीक से जुड़े याचिकाओं पर सुनवाई की, कहा है कि गलतियां होने का सिलसिला खत्म होना होगा

फेमा उल्लंघन: ट्रिब्यूनल ने ललित मोदी और बीसीसीआई के अधिकांश आरोपों को खारिज कर दिया
मुकदमे

फेमा उल्लंघन: ट्रिब्यूनल ने ललित मोदी और बीसीसीआई के अधिकांश आरोपों को खारिज कर दिया

ताज़ा ख़बरें