अधिवक्ताओं ने टिकिट व्यवस्था का विरोध किया, सरकार के खिलाफ प्रदर्शन
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ई-स्टाम्प कानून लागू करने के विरोध में शाहाबाद तहसील के अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन किया। उन्होंने सरकार के पुतले की शव यात्रा निकाली और अपनी नाराजगी जाहिर की। अधिवक्ताओं ने नई व्यवस्था से अधिवक्ताओं और आम लोगों को होने वाले नुकसान की बात कही।

सौजन्य से:- Live Hindustan
ई-स्टाम्प कानून के विरोध में अधिवक्ताओं ने किया प्रदर्शन
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ई-स्टाम्प कानून के विरोध में शाहाबाद तहसील के अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन किया। अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष विमलेश लोधी के नेतृत्व में, उन्होंने सरकार के पुतले की शव यात्रा निकाली और नाराजगी जाहिर की। प्रदर्शनकारियों ने ई-स्टाम्प व्यवस्था को अधिवक्ताओं और आम जनता के लिए हानिकारक बताया।
शाहाबाद। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लागू किए गए ई-स्टाम्प कानून के विरोध में मंगलवार को शाहाबाद तहसील के अधिवक्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर से विरोध मार्च निकालते हुए सरकार के पुतले की प्रतीकात्मक शव यात्रा निकाली और अपनी नाराजगी जाहिर की। प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा। अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष विमलेश लोधी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं ने ई-स्टाम्प व्यवस्था को अधिवक्ताओं और आम जनता के हितों के खिलाफ बताते हुए विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा कि नई व्यवस्था से अधिवक्ताओं के कार्य प्रभावित होंगे।
आम लोगों को भी अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। सरकार बिना पर्याप्त विचार-विमर्श के ऐसे निर्णय लागू कर रही है जिनका सीधा असर अधिवक्ता समुदाय और न्यायिक प्रक्रिया से जुड़े लोगों पर पड़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। तहसील परिसर में काफी देर तक विरोध प्रदर्शन चलता रहा। पुलिस प्रशासन ने पूरे कार्यक्रम पर नजर बनाए रखी और शांति व्यवस्था कायम रही। अधिवक्ता संघ के पदाधिकारियों ने सरकार से ई-स्टाम्प कानून की समीक्षा कर अधिवक्ताओं की समस्याओं का समाधान करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस मौके पर अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष विमलेश लोधी, बसंत गुप्ता, संतोष अग्निहोत्री, आलोक तिवारी आदि बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।
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