होम›हाई कोर्ट›महिलाओं को आयु के आधार पर मंदिर में प्रवेश से भेदभाव नहीं
हाई कोर्ट

महिलाओं को आयु के आधार पर मंदिर में प्रवेश से भेदभाव नहीं

केरल उच्च न्यायालय ने कहा है कि मंदिर प्रशासन बोर्ड महिला भक्तों को आयु के आधार पर मंदिर में प्रवेश से नहीं रोक सकता है। यह निर्णय संविधान के समानता और पूजा के अधिकारों की रक्षा करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।

18 मई 2026 को 01:50 pm बजे
महिलाओं को आयु के आधार पर मंदिर में प्रवेश से भेदभाव नहीं

सौजन्य से:- Bar & Bench

केरल उच्च न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में कहा है कि मंदिर प्रशासन बोर्ड आयु के आधार पर महिला भक्तों को मंदिर में प्रवेश से इनकार नहीं कर सकता। Bar & Bench के अनुसार, यह निर्णय सर्वोच्च न्यायालय के पहले के साबरीमाला फैसले के आधार पर लिया गया है, जिसमें यह कहा गया था कि पारंपरिक प्रथाओं को संविधान के समानता और पूजा के अधिकारों के समक्ष रखना होगा।

इस निर्णय से यह स्पष्ट होता है कि महिलाओं को उनकी आयु के आधार पर मंदिर में प्रवेश से इनकार नहीं किया जा सकता है। यह निर्णय महिलाओं के अधिकारों की रक्षा करने और उन्हें समान अवसर प्रदान करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। सूत्र: Bar & Bench

#महिला अधिकार#मंदिर प्रवेश#केरल उच्च न्यायालय

संबंधित ख़बरें

इसी विषय की और ख़बरें →
Supreme Court ने Patna High Court के फैसले को Suo Motu उठाकर कड़ी लताड़ लगाई
हाई कोर्ट

Supreme Court ने Patna High Court के फैसले को Suo Motu उठाकर कड़ी लताड़ लगाई

सुप्रीम कोर्ट ने पटना हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती दी, सीजेआई सूर्यकांत के टिप्पणी पर प्रकाश
हाई कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने पटना हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती दी, सीजेआई सूर्यकांत के टिप्पणी पर प्रकाश

सुप्रीम कोर्ट ने चार हाई कोर्टों में 12 अतिरिक्त जजों को स्थायी पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की
हाई कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने चार हाई कोर्टों में 12 अतिरिक्त जजों को स्थायी पद पर नियुक्त करने की सिफारिश की

महाराष्ट्र के मजिस्ट्रेट ने रेलवे अधिकारी को बग‑ग्रस्त VIP सोफ़ा न बदलने पर अवमानना नोटिस जारी किया
हाई कोर्ट

महाराष्ट्र के मजिस्ट्रेट ने रेलवे अधिकारी को बग‑ग्रस्त VIP सोफ़ा न बदलने पर अवमानना नोटिस जारी किया

दिल्ली हाई कोर्ट ने SAP इंडिया को नायरा एनर्जी की सपोर्ट सेवाएँ तुरंत पुनर्स्थापित करने का निर्देश दिया
हाई कोर्ट

दिल्ली हाई कोर्ट ने SAP इंडिया को नायरा एनर्जी की सपोर्ट सेवाएँ तुरंत पुनर्स्थापित करने का निर्देश दिया

दिल्ली हाई कोर्ट की संख्या अब 50, सात नई नियुक्तियों का शपथ समारोह
हाई कोर्ट

दिल्ली हाई कोर्ट की संख्या अब 50, सात नई नियुक्तियों का शपथ समारोह

किशोर न्याय कानून के दशक पर मंथन: प्रभावी कार्यान्वयन के लिए परामर्श कार्यक्रम
हाई कोर्ट

किशोर न्याय कानून के दशक पर मंथन: प्रभावी कार्यान्वयन के लिए परामर्श कार्यक्रम

सात नए जजों की शपथ से दिल्ली हाई कोर्ट की कुल संख्या 50, खाली पद घटेंगे
हाई कोर्ट

सात नए जजों की शपथ से दिल्ली हाई कोर्ट की कुल संख्या 50, खाली पद घटेंगे

ताज़ा ख़बरें