केंद्र सरकार ने 3 कदम उठाए, शांति वापसी की ओर!
शिक्षा सचिव को हटाने के साथ ही सख्त कानून और वांगचुक ने अनशन खत्म किया

सौजन्य से:- Hindustan
शिक्षा सचिव नपे, बनेगा नया कानून और... CJP प्रोटेस्ट पर मोदी सरकार का 'ट्रिपल एक्शन'
NEET पेपर लीक विवाद के बीच केंद्र सरकार ने तीन मोर्चों पर बड़ी कार्रवाई की है। सोनम वांगचुक ने अपना 26 दिन का अनशन तोड़ दिया है। साथ ही सरकार ने सख्त कानून और उच्च शिक्षा सचिव को हटाने जैसे बड़े फैसले लिए हैं।
नीट पेपर लीक और परीक्षा में गड़बड़ी को लेकर चल रहे देशव्यापी विरोध-प्रदर्शनों को शांत करने के लिए केंद्र सरकार ने गुरुवार देर रात तीन मोर्चों पर बड़ी कार्रवाई की है। राजनीतिक बातचीत, कड़े कानून और प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव के जरिए सरकार ने परीक्षा प्रणाली में लोगों का भरोसा बहाल करने की अब तक की सबसे मजबूत कोशिश की है।
1. वांगचुक ने तोड़ा 26 दिन का अनशन
सरकार की राजनीतिक पहल के तहत सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपना 26 दिनों का अनशन खत्म कर दिया है। वांगचुक ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, जितेंद्र सिंह और लेह एपेक्स बॉडी के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में लंबी बातचीत के बाद अनशन तोड़ने का फैसला लिया।
एक्स पर इसकी घोषणा करते हुए उन्होंने कहा कि देश में हिंसा की आशंका को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने समर्थकों से शांति बनाए रखने की अपील की और कहा कि समझौते की विस्तृत जानकारी अलग से शेयर की जाएगी।
वांगचुक के अनशन समाप्त करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ''मैं सोनम जी से अनुरोध करता हूं कि वह चिकित्सकों की सलाह मानें और अपना वजन फिर से पुरानी स्थिति में लायें, मैं प्रार्थना करता हूं कि वह स्वस्थ रहें।'' इससे पहले, नड्डा ने वांगचुक की पत्नी गीतांजलि आंग्मो एवं अन्य लोगों की मौजूदगी में उन्हें सरकार का भरोसा दिलाते हुए कहा, "सरकार दिल्ली के जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण ढंग से विरोध-प्रदर्शन करने वालों और 20 जुलाई, 2026 को संसद तक मार्च में शामिल होने वालों के खिलाफ मामले दर्ज न करने को लेकर सकारात्मक रुख अपना रही है।"
2. पेपर लीक पर आएगा और सख्त कानून
सरकार के दूसरे बड़े कदम के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक वीडियो संदेश में परीक्षा प्रणाली को और मजबूत करने का ऐलान किया है। पीएम मोदी ने कहा कि पेपर लीक और परीक्षा में होने वाली धोखाधड़ी में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए केंद्र नया कानून लाएगा।
सूत्रों के मुताबिक, सरकार 'सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024' में संशोधन करने जा रही है। कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा लाए जाने वाले इस संशोधन में संगठित नकल और पेपर लीक के मामलों में अधिक कठोर सजा, भारी जुर्माना और जांच व कार्रवाई के लिए एक तय समय-सीमा का प्रावधान होगा।
3. उच्च शिक्षा सचिव को हटाया गया
सरकार ने प्रशासनिक मोर्चे पर भी सख्त कदम उठाया है। गुरुवार देर रात हुए एक बड़े नौकरशाही फेरबदल में केंद्र ने उच्च शिक्षा सचिव विनीत जोशी को उनके पद से हटा दिया है। उनकी जगह अब नरेश पाल गंगवार को नया उच्च शिक्षा सचिव नियुक्त किया गया है। परीक्षा तंत्र को लेकर उठ रहे सवालों, संसद में हो रहे हंगामे और विपक्ष के लगातार हमलों के बीच इसे एक बड़े 'प्रशासनिक रीसेट' के तौर पर देखा जा रहा है। सरकार का मानना है कि परीक्षा प्रणाली की सत्यनिष्ठा अभी भी बरकरार है, लेकिन राजनीतिक संवाद, विधायी पहल और प्रशासनिक कार्रवाई के जरिए सरकार ने जनता और छात्रों का विश्वास फिर से हासिल करने का एक स्पष्ट संदेश दिया है।
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Amit Kumarडिजिटल पत्रकारिता की बदलती लहरों के बीच समाचारों की तह तक जाने की ललक अमित कुमार को इस क्षेत्र में खींच लाई। समकालीन राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति पर पैनी नजर रखने के साथ-साथ अमित को जटिल विषयों के गूढ़ विश्लेषण में गहरी रुचि है। उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के रहने वाले अमित को मीडिया जगत में एक दशक का अनुभव है। वे पिछले 4 वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
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अमित ने देश के प्रतिष्ठित भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा और गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय से जनसंचार में मास्टर डिग्री हासिल की है। उन्होंने यूनिसेफ और ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों से हेल्थ जर्नलिज्म का सर्टिफिकेशन भी प्राप्त किया है। एआई-असिस्टेड कंटेंट ऑप्टिमाइजेशन और एडिटोरियल प्लानिंग में उनकी विशेषज्ञता उन्हें आज के आधुनिक न्यूज रूम के लिए एक अनिवार्य स्तंभ बनाती है। पेशेवर जीवन से इतर, अमित एक जुनूनी घुमक्कड़ हैं जिन्हें हार्डकोर ट्रेकिंग और फोटोग्राफी का शौक है, साथ ही वे ऐतिहासिक और वास्तविक जीवन पर आधारित सिनेमा देखने के भी शौकीन हैं।
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