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राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश

राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश फोटो संख्या दो: राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन को लेकर बैठक करते पीडीजे मनोज प्रसाद अगले राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन और अधिक से अधिक मा…

21 अगस्त 2026 को 12:55 pm बजे
राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश

सौजन्य से:- Hindustan

राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश

फोटो संख्या दो: राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन को लेकर बैठक करते पीडीजे मनोज प्रसाद अगले राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन और अधिक से अधिक मामलों के निष्

गढ़वा, कोर्ट प्रतिनिधि। राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन और अधिक से अधिक मामलों के निष्पादन को लेकर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार मनोज प्रसाद, की अध्यक्षता में शुक्रवार को न्यायिक पदाधिकारियों, जिला वन पदाधिकारी व उत्पाद पदाधिकारी के साथ महत्वूपर्ण बैठक आयोजित की गई।

बैठक की समीक्षा

बैठक में अगले 12 सितंबर को होनेवाली राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई। उसके प्रभावी संचालन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में न्यायिक पदाधिकारियों ने अपने -अपने न्यायालयों में लंबित ऐसे मामलों की समीक्षा की जिनका समाधान राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से किया जा सकता है। विशेष तौर पर उन मामलों को चिन्हित करने पर जोर दिया गया, जिनमें पक्षकारों की आपसी सहमति और सुलह-समझौता के आधार पर विवादों का शीघ्र समाधान संभव है।

विशेष मुद्दे

उस दौरान सिविल वाद, आपराधिक, वैवाहिक विवाद, बैंक ऋण, electricity, telecommunications, motor accident claims, labor disputes, forest सहित अन्य उपयुक्त मामलों के अधिक से अधिक निष्पादन को लेकर चर्चा हुई। न्यायिक पदाधिकारियों को निर्देश दिया गया कि संभावित मामलों की पहचान कर संबंधित पक्षकारों को समय पर नोटिस और सूचना उपलब्ध कराई जाए ताकि निर्धारित तिथि को उपस्थित होकर अपने मामलों को सौहादपूर्ण समाधान करा सकें।

राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्देश्य

बैठक में कहा गया कि राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्देश्य केवल मामलों का निपटारा करना नहीं बल्कि आपसी सहमति और सौहादपूर्ण वातावरण में विवादों का समाधान सुनिश्चित करना भी है। लोक अदालत मामलों का निष्पादन कर आम नागरिकों को त्वरित, सुलभ और सस्ता न्याय उपलब्ध कराना इसका प्रमुख लक्ष्य निर्धारित किया गया है ।

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