कन्नौज में 12 सितंबर को तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन
कन्नौज जिले में 12 सितंबर को तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा, जिसका उद्देश्य लंबित मुकदमों और प्री‑लिटिगेशन मामलों का त्वरित निस्तारण है। बैंक रिकवरी, श्रम विवाद, पानी‑बिजली बिल और मोटर दुर्घटना दावों सहित विविध मामलों को सुलह के माध्यम से हल किया जाएगा। यह पहल आम लोगों को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत और समय‑धन की बचत दिलाने के लिये की गई है।

सौजन्य से:- Amar Ujala
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Kannauj News: राष्ट्रीय लोक अदालत 12 को
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कन्नौज। जिले में 12 सितंबर शनिवार को वर्ष की तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव पामेला श्रीवास्तव ने बताया कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार जिला न्यायालय परिसर सहित संबंधित सभी तालुका न्यायालय परिसरों में राष्ट्रीय लोक अदालत आयोजित होगी।
राष्ट्रीय लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य लंबित मुकदमों एवं प्री-लिटिगेशन मामलों का आपसी सहमति, सुलह और सौहार्दपूर्ण वातावरण में त्वरित निस्तारण करना है। इससे आम लोगों को लंबे समय तक चलने वाली न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिलने के साथ ही समय और धन की भी बचत होगी।
लोक अदालत में बैंक रिकवरी एवं ऋण वसूली, चेक बाउंस से जुड़े धारा 138 एनआई एक्ट के मामले, श्रम एवं सेवा संबंधी विवाद, बिजली-पानी एवं अन्य जनोपयोगी सेवाओं के बिल संबंधी विवाद, वैवाहिक एवं पारिवारिक विवाद (तलाक के मामलों को छोड़कर), मोटर दुर्घटना दावा, शमनीय आपराधिक मामले तथा यातायात चालान समेत विभिन्न मामलों का आपसी राजीनामे के आधार पर निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सुलह ही सबसे बड़ा समाधान के संकल्प को साकार करने के लिए सभी लोग इस अवसर का लाभ उठाएं।
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राष्ट्रीय लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य लंबित मुकदमों एवं प्री-लिटिगेशन मामलों का आपसी सहमति, सुलह और सौहार्दपूर्ण वातावरण में त्वरित निस्तारण करना है। इससे आम लोगों को लंबे समय तक चलने वाली न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिलने के साथ ही समय और धन की भी बचत होगी।
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लोक अदालत में बैंक रिकवरी एवं ऋण वसूली, चेक बाउंस से जुड़े धारा 138 एनआई एक्ट के मामले, श्रम एवं सेवा संबंधी विवाद, बिजली-पानी एवं अन्य जनोपयोगी सेवाओं के बिल संबंधी विवाद, वैवाहिक एवं पारिवारिक विवाद (तलाक के मामलों को छोड़कर), मोटर दुर्घटना दावा, शमनीय आपराधिक मामले तथा यातायात चालान समेत विभिन्न मामलों का आपसी राजीनामे के आधार पर निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सुलह ही सबसे बड़ा समाधान के संकल्प को साकार करने के लिए सभी लोग इस अवसर का लाभ उठाएं।
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