पटना में राष्ट्रीय लोक अदालत: ट्रैफ़िक चालान से पारिवारिक विवादों तक एक ही छत के नीचे समाधान
पटना के सिविल कोर्ट और कई अनुमंडल न्यायालयों में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा, जहाँ गांधी मैदान में पुराने ट्रैफ़िक चालानों के निपटारे के लिए विशेष शिविर लगेगा। वैवाहिक, सिविल, श्रम, बैंक ऋण व अन्य सुलहनीय मामलों को पक्षकारों की आपसी सहमति से, बिना शुल्क के, कम समय में सुलझाया जाएगा।

सौजन्य से:- Jagran
पटना में कल लगेगा राष्ट्रीय लोक अदालत, ट्रैफिक चालान से लेकर पारिवारिक विवादों का मौके पर होगा निपटारा
पटना में कल राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें सिविल कोर्ट और अनुमंडल स्तरीय न्यायालयों में विभिन्न प्रकार के सुलहनीय मामलों का निपटारा होगा।
HighLights
- राष्ट्रीय लोक अदालत में सुलहनीय मामलों का त्वरित निपटारा।
- गांधी मैदान में पुराने ट्रैफिक चालानों के लिए विशेष शिविर।
- विवादों का समाधान कम समय, कम खर्च में संभव।
जागरण संवाददाता, पटना। राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन शनिवार को पटना सदर स्थित सिविल कोर्ट के अलावा पटना सिटी, दानापुर, बाढ़, मसौढ़ी और पालीगंज के अनुमंडल स्तरीय न्यायालयों में किया जाएगा।
इसमें सुलहनीय और समझौता योग्य मामलों का पक्षकारों की आपसी सहमति से त्वरित निष्पादन किया जाएगा। लोक अदालत में मामलों के निपटारे के लिए किसी प्रकार का न्यायालय शुल्क नहीं लिया जाता है।
राष्ट्रीय लोक अदालत में संधि योग्य लघु आपराधिक मामलों के अलावा परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 से जुड़े मामले, वैवाहिक एवं पारिवारिक विवाद, मोटर वाहन दुर्घटना दावा वाद, सिविल वाद, श्रम विवाद, बैंक ऋण वसूली तथा अन्य समझौता योग्य मामलों का समाधान किया जाएगा।
पुराने ट्रैफिक चालानों के लिए गांधी मैदान में शिविर
तीन माह से अधिक पुराने लंबित ट्रैफिक चालानों के निष्पादन के लिए गांधी मैदान के गेट संख्या-7 के समीप विशेष शिविर लगाया जाएगा। यहां 30 बेंच बनाए गए हैं।
वाहन मालिक या चालानधारी यहां पहुंचकर अपने लंबित चालानों का नियमानुसार निष्पादन करा सकेंगे। संबंधित मामलों में लागू प्रावधानों के तहत उपलब्ध छूट का लाभ भी दिया जाएगा। इससे लंबे समय से लंबित चालानों के निपटारे का रास्ता आसान होगा।
छह अनुमंडलों में भी होगा आयोजन
पटना सदर के साथ पटना सिटी, दानापुर, बाढ़, मसौढ़ी और पालीगंज में आयोजित होने वाली लोक अदालत में पक्षकारों की सहमति के आधार पर मामलों का निपटारा किया जाएगा।
लोक अदालत के माध्यम से विवादों का समाधान कम समय और कम खर्च में होने के साथ पक्षकारों को न्यायालयों के बार-बार चक्कर लगाने से भी राहत मिलती है।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पटना, अनामिका टी. ने जिलेवासियों से 12 सितंबर को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की है।
उन्होंने कहा कि लोक अदालत आपसी सहमति और सौहार्दपूर्ण वातावरण में विवादों के शीघ्र समाधान का प्रभावी मंच है। इससे न्यायालयों में लंबित मामलों का बोझ कम करने में भी मदद मिलती है।
यह भी पढ़ें- पटना में सप्लीमेंट फैक्ट्री पर छापा, दूध में 'फार्मेलिन' मिला; नाली में बहाया 125 लीटर
Powered by Nyaya 247 News
संबंधित ख़बरें
इसी विषय की और ख़बरें →
बक्सर के व्यवहार न्यायालय में शनिवार को राष्ट्रीय लोकअदालत, 90‑दिन पुराने ई‑चालानों पर 50% छूट

कैराना में लोक अदालत: 12 सितंबर को लंबित ट्रैफ़िक चालानों का निपटारा, पुलिस ने किया जागरूकता अभियान

राष्ट्रीय लोक अदालत में 12,858 मामलों की सुनवाई, छह बेंचों के साथ

सर्वर त्रुटि 500 – साइट अस्थायी रूप से अनुपलब्ध

विजय माल्या पर मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों से बच नहीं पाएंगे, एडी ने कहा बकाया वसूली से मामला खत्म नहीं होगा

12 सितंबर को लखनऊ में राष्ट्रीय लोक अदालत, छोटे‑बड़े विवादों का त्वरित सुलह‑समझौता समाधान

सर्वर त्रुटि 500 – अस्थायी पहुँच समस्या

सर्वर त्रुटि 500 – पुनः प्रयास करें
ताज़ा ख़बरें
- सुप्रीम कोर्ट ने FSSAI को कई प्रश्न पूछे, पैकेज्ड भोजन पर लाल चेतावनी चिह्न जल्द लागू करने का आदेश
- सर्वर त्रुटि 500: पृष्ठ लोड नहीं हो रहा
- साकेत गर्ल्स पीजी कॉलेज में छात्रों ने लोक अदालत के फायदे बताने हेतु नाटक प्रस्तुत किया
- सर्वर त्रुटि 500: अस्थायी विफलता
- सर्वर त्रुटि 500: 1500 बार दोहराया गया संदेश
- सर्वर त्रुटि 500 – पृष्ठ अस्थायी रूप से अनुपलब्ध
- सर्वर त्रुटि 500: अस्थायी गड़बड़ी
- सुप्रीम कोर्ट ने शारीरिक दंड को पोक्सो अपराध नहीं माना

