सुप्रीम कोर्ट में 2,000 रुपये से कम नकद दान को रोकने की याचिका पर सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट 31 अगस्त को वह याचिका सुनाएगा जिसमें 2,000 रुपये से कम के गुमनाम नकद दानों को अनुमति देने वाले आयकर धारा 13ए(डी) को असंवैधानिक कहा गया है। याचिकाकर्ता सभी राजनीतिक दलों से दानकर्ता का नाम, पैन आदि का खुलासा तथा नकद दानों पर प्रतिबंध लगाने की मांग कर रहा है, ताकि चुनावी फंडिंग में पारदर्शिता बनी रहे।
पीठ ने स्पष्ट किया कि प्रक्रियागत निष्पक्षता और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन अनिवार्य है। विशेषज्ञों ने इस निर्णय को संतुलित बताते हुए कहा कि इससे लंबित विवादों के निपटारे में मदद मिलेगी।
अदालत ने सभी पक्षों को विस्तार से सुनने के बाद आदेश पारित किया। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता ने दलीलें रखीं, जबकि सरकार ने अपना पक्ष प्रस्तुत किया।
अदालत ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय में अनुपालन रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया। कानूनी जानकारों के अनुसार इस व्यवस्था का दूरगामी असर पड़ सकता है और यह भविष्य के मामलों के लिए नज़ीर बनेगी।

